रांची। राजभवन में आज एक साहित्यिक कार्यक्रम के तहत श्री उपेंद्र पाठक द्वारा संकलित पुस्तक *“संचित विचार”* का विमोचन झारखंड के महामहिम माननीय राज्यपाल श्री संतोष गंगवार जी द्वारा किया गया।
इस पुस्तक में जीवन, समाज, संस्कृति और मानवीय मूल्यों से जुड़े विविध विचारों को संकलित किया गया है, जो पाठकों को नई दिशा और प्रेरणा देगी।
विमोचन के अवसर पर माननीय राज्यपाल महोदय ने पुस्तक के लेखक उपेंद्र पाठक को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस तरह की रचनाएं समाज में सकारात्मक सोच को बढ़ावा देती हैं। उन्होंने कहा कि विचारों का संचय ही व्यक्ति को बड़ा बनाता है और "संचित विचार" इसी का एक सुंदर उदाहरण है।
लेखक उपेंद्र पाठक ने इस अवसर पर माननीय राज्यपाल महोदय का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि व्यस्ततम समय में से समय निकालकर उन्होंने पुस्तक का विमोचन कर लेखक समुदाय का मनोबल बढ़ाया है। इसके लिए वे हृदय से कृतज्ञ हैं।
इस गरिमामय अवसर पर डॉ एच. पी. नारायण, अरविंद कुमार, रंजय ओझा, अशोक कुमार राय, सुधांशु पाठक, संध्या पाठक, नीलम पाठक, वेदांत कौस्तव और तेजस कुमार सहित शहर के कई बुद्धिजीवी, साहित्यकार और परिवारजन उपस्थित थे। सभी ने लेखक को इस उपलब्धि पर बधाई दी।
साहेबगंज। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) साहिबगंज नगर की ओर से आगामी 3 नवंबर को राँची में आयोजित होने वाले “अराजकता रोको, लोकतंत्र बचाओ – छात्र गर्जना” कार्यक्रम की तैयारी को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य रूप से झारखंड प्रदेश सोशल मीडिया संयोजक श्री इंद्रजीत साह उपस्थित रहे। बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा, विद्यार्थियों की सहभागिता एवं संगठनात्मक तैयारियों को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
बैठक में देश की एकता एवं अखंडता के विरुद्ध उठने वाली आवाजों, भारत के विभाजन की बातें करने वाले विचारों तथा चिकन नेक जैसे सामरिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र को लेकर दिए जा रहे विवादित बयानों सहित विभिन्न भारत विरोधी गतिविधियों के विरुद्ध परिषद द्वारा चलाए जा रहे देशव्यापी आंदोलन पर चर्चा हुई। आगामी 3 नवंबर को राँची में आयोजित होने वाली छात्र गर्जना में पूरे झारखंड के विभिन्न जिलों से 5000 से अधिक विद्यार्थियों के जुटने की संभावना है। इस विशाल छात्र समागम में प्रदेशभर के विद्यार्थी एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करेंगे। साहिबगंज जिले से भी 300 से अधिक विद्यार्थियों के राँची पहुँचने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
प्रदेश सोशल मीडिया संयोजक श्री इंद्रजीत साह ने कहा कि, “भारत की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। जब देश की संप्रभुता और राष्ट्रीय हितों से जुड़े विषयों पर सवाल खड़े होते हैं, तब विद्यार्थियों की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद सदैव छात्रहित के साथ राष्ट्रहित के विषयों पर अपनी आवाज बुलंद करती रही है। 3 नवंबर को राँची में आयोजित होने वाली छात्र गर्जना प्रदेश के विद्यार्थियों की एकजुटता और लोकतांत्रिक सहभागिता का एक बड़ा उदाहरण बनेगी।”
नगर मंत्री चंदन कुमार गुप्ता ने कहा कि, “साहिबगंज जिले के विद्यार्थियों में इस कार्यक्रम को लेकर विशेष उत्साह है। हम जिले के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों तक इस कार्यक्रम का संदेश पहुँचाने का प्रयास कर रहे हैं। हमारा लक्ष्य है कि साहिबगंज से 300 से अधिक विद्यार्थी राँची पहुँचकर छात्र गर्जना में सहभागिता करें। 3 नवंबर को राँची की धरती पर झारखंड के हजारों विद्यार्थी एकजुट होकर छात्र शक्ति का परिचय देंगे।”
बैठक में कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु विद्यार्थियों की अधिकाधिक सहभागिता सुनिश्चित करने का संकल्प लिया गया। इस अवसर पर प्रदेश छात्रा सह प्रमुख सुश्री निधि सिंह, जिला कार्यालय मंत्री अंकुश कुमार, नगर सह मंत्री लक्ष्मी कुमारी, दीपिका कुमारी, पूर्णव कुमार, अनुप्रासन कुमार, अमन भगत, नीरज यादव, समीर कुमार, अविनाश साह, बादल कुमार, रोशन कुमार, राजा सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
बुंडू-बंता पथ चौड़ीकरण के लिए जमीन देने से किसानों का इनकार, 26 नवंबर को राजभवन मार्च का आह्वान
राहे (रांची): बुंडू-बंता पथ चौड़ीकरण के लिए कृषि भूमि अधिग्रहण के विरोध में झारखंड राज्य किसान सभा के तत्वावधान में रविवार, 1 नवंबर 2026 को शिवटंगरा मैदान में किसानों की बैठक हुई। माझीडीह, बेरगा, कुबाडीह, पुरनानगर, महेशपुर, खाटंगा और डोमनडीह के किसानों ने बैठक के बाद विरोध प्रदर्शन किया और सड़क निर्माण के लिए अपनी कृषि भूमि नहीं देने का संकल्प लिया।
बैठक में 7 नवंबर को शिवटंगरा मैदान में कृषि भूमि रक्षा कन्वेंशन आयोजित करने तथा 26 नवंबर को राजभवन जाने का आह्वान किया गया।
झारखंड राज्य किसान सभा के महासचिव सुफल महतो ने कहा कि बुंडू-बंता पथ चौड़ीकरण के नाम पर सात गांवों के किसानों की कृषि भूमि पर नए सड़क निर्माण के लिए नोटिस जारी किए गए हैं। इसके विरोध में किसान पिछले एक वर्ष से आंदोलनरत हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, रांची के उपायुक्त, सिल्ली विधायक और अंचलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर किसान अपनी कृषि भूमि नहीं देने की मांग कर चुके हैं।
उन्होंने बताया कि संबंधित मौजों की ग्राम सभाओं में भी कृषि भूमि सड़क निर्माण के लिए नहीं देने का प्रस्ताव पारित कर सरकार को भेजा जा चुका है। किसानों की आजीविका का मुख्य आधार कृषि भूमि है। भूमि अधिग्रहण कानून, 2013 का उल्लंघन कर जबरन जमीन अधिग्रहण की कोशिश से किसानों में आक्रोश है।
सुफल महतो ने कहा कि झारखंड में कृषि भूमि का प्रतिशत मात्र 25 है। ऐसे में सरकार को अन्नदाता किसानों की कृषि भूमि की रक्षा करनी चाहिए।
बैठक की अध्यक्षता अक्षय महतो ने की। मौके पर ग्राम प्रधान अक्षय महतो, गोबिंद महतो, विशेश्वर महतो, धनेश अहिर, अजय महतो, दिलीप अहिर, कुशल महतो, सर्वेश्वर महतो, राजकुमार महतो, प्रेमनाथ महतो, भागीरथ महतो, लक्ष्मण महतो, नारायण महतो, पशुपति महतो, हरिप्रसाद महतो, कलेश्वर महतो, जवाहर महतो, तुलसी प्रसाद, हिरालाल महतो, राजेंद्र गोझू, पशुपति गोझू, परमेश्वर महतो, त्रिलोचन महतो, जनार्दन महतो, दिनबंधु महतो, चमन महतो और नंदकिशोर महतो सहित अन्य किसान उपस्थित थे।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड मुख्यालय, रांची स्थित गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर के प्रांगण में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर दिनांक 31 अक्टूबर, 2026 को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा, निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र एवं निदेशक (योजना एवं परियोजना) अनुप हंजुरा बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महाप्रबंधकगण, अधिकारीगण एवं कर्मचारीगण शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंभ वंदे मातरम् एवं कोल इंडिया गीत के साथ हुआ। इसके पश्चात उपस्थित कोलकर्मियों एवं हितधारकों ने सरदार वल्लभभाई पटेल की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।
वहीं, निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र ने उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई।
इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा ने अपने संबोधन में कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का जीवन राष्ट्र के प्रति समर्पण, दृढ़ इच्छाशक्ति और एकता का अद्भुत उदाहरण है। उन्होंने देश की एकता एवं अखंडता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके विचार और आदर्श आज भी हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने सभी से आपसी सहयोग, समर्पण एवं सामूहिक प्रयासों के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के उपरांत निदेशकगण के नेतृत्व में एकता मार्च निकाला गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में सीसीएल कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस मार्च के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, अखंडता एवं आपसी सद्भाव का संदेश दिया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
दीपावली पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों को दी आर्थिक सहायता की सौगात, किसान कल्याण के प्रति संकल्प दोहराया
साहेबगंज/रांची । आगामी दीपावली पर्व को देखते हुए पावन अवसर पर देश के किसानों को बड़ी आर्थिक सौगात मिली है। इस अवसर पर भाजपा किसान मोर्चा के राष्ट्रीय मंत्री बजरंगी प्रसाद यादव ने हर्ष जताते हुए प्रधानमंत्री को धन्यवाद दिया और कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना की 24वीं किस्त जारी कर दी है। इसके तहत देश के 9 करोड़ 34 लाख से अधिक किसानों के बैंक खातों में 18,690 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे हस्तांतरित की गई।
आगे श्री यादव ने कहा यह आर्थिक सहायता देश के अन्नदाताओं के सम्मान, स्वाभिमान और खेती-किसानी को मजबूती प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के माध्यम से किसानों को आर्थिक सहयोग देकर उनकी कृषि संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद की जा रही है।
आने वाली दीपावली जैसे पावन त्योहार पर किसानों के खातों में सहायता राशि पहुंचने से उनके परिवारों में खुशियों का माहौल है। इस पहल को किसान कल्याण, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती और कृषि क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण बताया गया। इस अवसर पर किसान हित को सर्वोपरि बताते हुए संकल्प दोहराया गया कि किसान का सम्मान, किसान का कल्याण और किसान की समृद्धि ही प्राथमिकता है।साथ ही भगवान से प्रार्थना की गई कि दीपावली के पावन पर्व पर देश के हर किसान के घर खुशहाली का दीप जले, हर खेत में हरियाली हो और प्रत्येक किसान का भविष्य उज्ज्वल एवं समृद्ध बने।
आगे श्री यादव ने कहा देश के सभी किसान भाई-बहनों को दीपावली की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा किसान खुशहाल तो देश खुशहाल।
रांची/साहेबगंज । भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के राष्ट्रीय मंत्री बजरंगी प्रसाद यादव ने कांग्रेस पार्टी द्वारा लगातार EVM पर सवाल उठाने और बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग को लेकर कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा है। उन्होंने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से सवाल करते हुए कहा कि जब बैलेट पेपर से हुए चुनाव में भी कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ता है, तो इसके लिए जिम्मेदार कौन है?
श्री यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी लगातार चुनाव प्रक्रिया और EVM की विश्वसनीयता पर सवाल उठाती रही है। इसी मुद्दे को लेकर कांग्रेस द्वारा 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में रैली आयोजित की जा रही है। लेकिन कांग्रेस को पहले अपने चुनावी प्रदर्शन का आत्ममंथन करना चाहिए।
उन्होंने विधान परिषद की 28 सीटों पर हुए चुनाव का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र और कर्नाटक में बैलेट पेपर से चुनाव हुए। इन चुनावों में कांग्रेस ने 12 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे, लेकिन उसे केवल महाराष्ट्र में एक सीट पर जीत मिली। वहीं, कर्नाटक में कांग्रेस की सरकार होने के बावजूद पार्टी चारों सीटों पर जीत हासिल नहीं कर सकी। उन्होंने कहा कि कर्नाटक से आने वाले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के गृह राज्य में भाजपा-जेडीएस गठबंधन की जीत कांग्रेस के लिए आत्ममंथन का विषय है।
बजरंजी प्रसाद यादव ने राहुल गांधी से सवाल किया कि जब चुनाव बैलेट पेपर से हुआ, तब कांग्रेस की हार की जिम्मेदारी किसकी है? उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में चुनाव जीतने के लिए जनता और मतदाताओं का विश्वास जीतना जरूरी है। जनता के सुख-दुख में भागीदारी निभानी पड़ती है और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए जमीन पर काम करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि केवल EVM और चुनाव प्रणाली पर सवाल उठाने से राजनीतिक सफलता नहीं मिल सकती। कांग्रेस पार्टी को चुनाव प्रणाली पर आरोप लगाने के बजाय अपने चुनावी प्रदर्शन, राजनीतिक रणनीति और परिवारवाद जैसे मुद्दों पर गंभीरता से आत्ममंथन करना चाहिए।
अंत में श्री यादव ने कहा कि चुनाव EVM से हो या बैलेट पेपर से, लोकतंत्र में जनता का निर्णय ही सर्वोपरि होता है। राजनीतिक दलों को जनता के जनादेश का सम्मान करना चाहिए।
सुदेश महतो बोले— झारखंड की जल, जंगल और जमीन पर जनता का अधिकार
गुमला । झारखंड के पूर्व उपमुख्यमंत्री और आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो ने कहा कि राज्य की जल, जंगल और जमीन पर यहां की जनता का अधिकार है। झारखंड की खनिज संपदा का उपयोग राज्य के विकास और आम लोगों की समृद्धि के लिए होना चाहिए। इसके लिए जनता को एकजुट होकर संघर्ष करने की जरूरत है। वे सोमवार को गुमला नगर भवन में आयोजित आजसू पार्टी के कार्यकर्ता सम्मेलन सह मिलन समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं, युवाओं, महिलाओं और समाजसेवियों समेत सैकड़ों लोगों ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।
सुदेश महतो के गुमला पहुंचने पर भरनो में पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान 100 से अधिक बाइकों के साथ जुलूस निकाला गया। इसके बाद उन्होंने स्थानीय नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ पदयात्रा की। नगर भवन पहुंचने पर पारंपरिक तरीके से उनका अभिनंदन किया गया। सम्मेलन में जिले के सभी 12 प्रखंडों और 159 पंचायतों से कार्यकर्ता शामिल हुए।
सरकार की नीतियों पर साधा निशाना
सम्मेलन को संबोधित करते हुए सुदेश महतो ने राज्य सरकार की नीतियों और कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा राज्य के विकास, गरीबी दूर करने और लोगों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने का आधार बननी चाहिए थी, लेकिन सरकार की नीतियों ने राज्य के भविष्य को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक संसाधनों का लाभ आम जनता तक पहुंचना चाहिए और विकास की योजनाओं में स्थानीय लोगों के हितों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता अपने प्रतिनिधियों को नेतृत्व की जिम्मेदारी सौंपती है, न कि किसी परिवार को राजसत्ता सौंपने के लिए जनादेश देती है। झारखंड आंदोलन में दिवंगत दिशोम गुरु शिबू सोरेन के योगदान का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि किसी राजनीतिक परिवार से जुड़े होने मात्र से अगली पीढ़ी में समान नेतृत्व क्षमता होने की गारंटी नहीं दी जा सकती।
सुदेश महतो ने राज्य सरकार पर जवाबदेही और स्पष्ट विकास रोडमैप के अभाव का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार को जनता के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए और विकास कार्यों की स्पष्ट दिशा बतानी चाहिए। उनके अनुसार, जनता को जनादेश का वास्तविक लाभ मिलना जरूरी है।
अंतिम व्यक्ति तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाना लक्ष्य
आजसू अध्यक्ष ने कहा कि उनकी पार्टी जनता की समस्याओं के समाधान और राज्य के अंतिम व्यक्ति तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर लोगों की समस्याएं समझने, उनके समाधान के लिए प्रयास करने और संगठन को मजबूत बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विकास की मुख्यधारा से वंचित लोगों को जोड़ना पार्टी की प्राथमिकताओं में शामिल है।
सैकड़ों नए सदस्य पार्टी में शामिल
सम्मेलन के दौरान युवराज राम मनोहर नाथ शाहदेव और गोवर्धन सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों युवाओं, महिलाओं एवं समाजसेवियों ने आजसू पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो ने नए सदस्यों को माला पहनाकर और पार्टी का अंगवस्त्र देकर स्वागत किया। उन्होंने सभी से पार्टी की विचारधारा के अनुरूप जनता के बीच सक्रिय रहकर काम करने की अपील की।
कार्यक्रम में आजसू पार्टी के केंद्रीय मुख्य प्रवक्ता डॉ. देवशरण भगत, केंद्रीय महासचिव अंजू देवी एवं उमेश सिंह भोगता, केंद्रीय सचिव गोपीनाथ सिंह एवं मोहसिन खान, गुमला जिला अध्यक्ष दिलीप नाथ साहू, आजसू छात्र संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा और युवा आजसू प्रभारी प्रताप सिंह समेत कई केंद्रीय एवं जिला पदाधिकारी उपस्थित रहे।
आजसू पार्टी ने झारखंड के अधिकार, स्वाभिमान, पहचान और विकास की लड़ाई को गांव-गांव तक पहुंचाने तथा जनभागीदारी के माध्यम से संगठन को मजबूत करने का संकल्प दोहराया।
रांची। भाकपा माले ने SIR रद्द करने, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, प्रवासी मजदूरों के शोषण पर रोक तथा शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार की रक्षा की मांग उठाई है। सोमवार को रांची स्थित महेंद्र सिंह भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य समेत अन्य नेताओं ने इन मुद्दों पर अपनी बात रखी। नेताओं ने झारखंड सरकार से JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं के मामले में अभ्यर्थियों के पक्ष को न्यायालय में मजबूती से रखने की भी मांग की।
प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि SIR के खिलाफ देशभर में आंदोलन चल रहा है। चुनाव आयोग के भीतर से वोट चोरी से जुड़े खुलासों के सामने आने के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी तेज हुई है। उन्होंने कहा कि गंभीर आरोपों के बीच जवाबदेही सुनिश्चित करना जरूरी है। उन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए पीस बॉन्ड पर हस्ताक्षर करने की बाध्यता और उससे जुड़ी जटिल शर्तों पर सवाल उठाते हुए कहा कि इससे लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक अधिकार सीमित होने का खतरा है। इस संदर्भ में उन्होंने आइसा की केंद्रीय अध्यक्ष नेहा द्वारा पीस बॉन्ड पर हस्ताक्षर करने से इनकार किए जाने का भी उल्लेख किया।
गुजरात में झारखंड के मजदूरों के शोषण का आरोप
भाकपा माले के बगोदर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक विनोद सिंह ने गुजरात में झारखंड के प्रवासी मजदूरों के शोषण का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि गिरिडीह समेत झारखंड के विभिन्न इलाकों से गुजरात गए मजदूरों से आठ घंटे के बजाय 12 घंटे तक काम लिया जा रहा है। उनकी साप्ताहिक छुट्टी भी समाप्त कर दी गई है और कपड़ा मिलों सहित कई कारखानों में रविवार को भी अवकाश नहीं मिलता। उन्होंने मजदूरों के अधिकारों की रक्षा और श्रम कानूनों के प्रभावी पालन की मांग की।
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के पक्ष में मजबूत पैरवी करे सरकार
निरसा के विधायक अरूप चटर्जी ने कहा कि झारखंड में शिक्षा और रोजगार से जुड़े आंदोलनों में ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) लगातार सक्रिय भूमिका निभा रहा है। JPSC-JSSC की भर्ती परीक्षाओं से जुड़े हालिया आंदोलनों में भी संगठन ने मजबूती से आवाज उठाई है। उन्होंने कहा कि अब राज्य सरकार की जिम्मेदारी है कि वह न्यायालय में अभ्यर्थियों के पक्ष को सही तथ्यों और ठोस तर्कों के साथ प्रस्तुत करे, ताकि छात्रों के हितों की रक्षा हो सके।
नवंबर में होंगे संगठन के राष्ट्रीय सम्मेलन
दीपांकर भट्टाचार्य ने आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए बताया कि 21 और 22 नवंबर को गिरिडीह जिले के सरिया में अखिल भारतीय खेत एवं ग्रामीण मजदूर सभा का राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। वहीं, 28 से 30 नवंबर तक महाराष्ट्र के नागपुर में आइसा का 11वां राष्ट्रीय सम्मेलन होगा। इसके अलावा इंकलाबी नौजवान सभा के सम्मेलन और भाकपा माले के राष्ट्रीय अधिवेशन की तैयारियां भी जारी हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाकपा माले के झारखंड राज्य सचिव मनोज भक्त, पूर्व विधायक विनोद सिंह, निरसा विधायक अरूप चटर्जी और सिंदरी विधायक चंद्रदेव महतो भी उपस्थित थे।
नेमरा में शोक संवेदनाओं का तांता, विभिन्न दलों के नेताओं ने मुख्यमंत्री से मिलकर बंधाया ढांढस
नेमरा (रामगढ़) । मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता दिवंगत रूपी सोरेन को श्रद्धांजलि देने के लिए बुधवार को उनके पैतृक गांव नेमरा में विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं और वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों का जुटान हुआ। सभी ने दिवंगत रूपी सोरेन की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। साथ ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनके परिवार से मुलाकात कर इस दुख की घड़ी में अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।
मुख्यमंत्री सचिवालय की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, नेमरा में दिनभर शोक और संवेदना का माहौल रहा। मुख्यमंत्री की माता के निधन पर शोक जताने के लिए कई वर्तमान एवं पूर्व जनप्रतिनिधि गांव पहुंचे। उन्होंने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी और इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की।
विभिन्न दलों के नेता पहुंचे नेमरा
दिवंगत रूपी सोरेन को श्रद्धांजलि देने वालों में विधायक प्रदीप यादव, जनार्दन पासवान और मंगल कालिंदी शामिल थे। इनके अलावा पूर्व मंत्री बंधु तिर्की और बन्ना गुप्ता, पूर्व सांसद घूरन राम, शैलेंद्र महतो, भुवनेश्वर प्रसाद मेहता और रविंद्र कुमार पांडेय भी नेमरा पहुंचे।
पूर्व विधायक समरी लाल और अपर्णा सेनगुप्ता समेत अन्य गणमान्य लोगों ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं।
IAS और IPS अधिकारियों ने भी अर्पित किए पुष्प
मुख्यमंत्री की माता को श्रद्धांजलि देने के लिए भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के वरिष्ठ अधिकारी भी पहुंचे। अधिकारियों ने दिवंगत रूपी सोरेन की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया तथा उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
मुख्यमंत्री और परिवार के प्रति जताई संवेदना
रूपी सोरेन के निधन से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनका परिवार शोक में है। इस दुखद अवसर पर राजनीतिक और प्रशासनिक क्षेत्र की कई प्रमुख हस्तियों ने नेमरा पहुंचकर परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की और मुख्यमंत्री को ढांढस बंधाया।
सिल्ली: मेन रोड सिल्ली में पूर्व डिप्टी सीएम सुदेश कुमार महतो एवं रेस्टोरेंट संचालक की माता देवन्ती देवी ने संयुक्त रूप से वैष्णवी रेस्टोरेंट का फीता काट कर उद्घाटन किए।इस अवसर पर उन्होंने कहा कि क्षेत्र का पहला ऐसा रेस्टोरेंट है जो बड़े शहरों की तर्ज पर बनाया गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस रेस्टोरेंट की स्वादिष्ट भोजन की गुणवत्ता के लिए शहर में इसकी पहचान बने। रेस्टोरेंट के संचालक विनय व विजय साव ने कहा कि हमारा लक्ष्य स्वादिष्ट भोजन व बेहतर सेवा के माध्यम से लोगों के दिलों में उतरना है।आज का दिन हमारे लिए एक बेहद खास और सपने जैसा दिन है। इस रेस्टोरेंट को शुरू करने के पीछे हमारा सिर्फ एक ही उद्देश्य रहा है—आपको और आपके परिवार को बेहतरीन, स्वादिष्ट और साफ़-सुथरा भोजन एक शानदार माहौल में परोसना।इस नए शाखा में इंडियन, चाइनीज, तंदूरी, कांटिनेंटल आदि भोजन प्रबंध रहेगा। इस मौके पर जयपाल सिंह, मुखिया सीमा गंझू,अजीत साहू, मनोज साव, नेपाल साव, बबलू साव, राजेश साहू,प्रकाश अग्रवाल, नितेश्वर महतो, सुरेन्द्र साव, ज्योति साव, संजय गुप्ता, समेत काफी संख्या में लोग उपस्थित थे।