FOLLOW US ON
Breaking News देशभर में लागू होगा UCC कानून हलचल तेज़ | UPI में 2000 रु से अधिक लेनदेन पर लगेंगे चार्ज, राजनीतिक बयानबाजी तेज | MMDR कानून को लेकर JMM पार्टी का प्रखंड मुख्यालय पर प्रदर्शन | विश्व के शिल्पकार भगवान विश्वकर्मा पूजा को लेकर उद्योग क्षेत्रों की जगह की गई पूजा | साहिबगंज जिले में बाढ़ की स्थिति गंभीर, साहेबगंज सदर प्रखंड सबसे ज्यादा प्रभावित | यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर अभी से राजनीति शुरू बीजेपी और समाजवादी पार्टी के नेताओं के बीच बयानबाजी तेज | देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का 76 वाँ जन्मदिन भाजपा मना रही है जन्मोत्सव | JPSC एवं JSSC CGL में CID की जांच जारी 4 अभियुक्त गिरफ्तार |
बरहेट में JMM बैठक में BDO-सह-CO और CDPO की मौजूदगी पर नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने उठाए सवाल, उच्चस्तरीय जांच की मांग
September 4, 2026 | 276 Views
बरहेट में JMM बैठक में BDO-सह-CO और CDPO की मौजूदगी पर नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने उठाए सवाल, उच्चस्तरीय जांच की मांग

रांची/साहिबगंज। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने साहिबगंज जिले के बरहेट विधानसभा क्षेत्र में आयोजित एक JMM बैठक में सरकारी अधिकारियों की कथित मौजूदगी को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। मरांडी ने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से मामले को सामने लाते हुए मुख्य सचिव से इस पूरे प्रकरण का संज्ञान लेने और उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।

मरांडी के अनुसार, बरहेट विधानसभा क्षेत्र में BDO-सह-CO और CDPO अंशु कुमार पांडेय की JMM की बैठक में मौजूदगी का मामला उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने कहा कि किसी सरकारी अधिकारी का राजनीतिक कार्यक्रम में शामिल होना गंभीर विषय है और इसकी जांच होनी चाहिए।

'सरकारी सेवा में रहते राजनीतिक गतिविधियों से दूरी जरूरी'

बाबूलाल मरांडी ने अपने पोस्ट में कहा कि सरकारी अधिकारियों को सेवा आचरण नियमों का पालन करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि कोई अधिकारी राजनीतिक गतिविधियों में खुलकर शामिल होता है और राजनीतिक कार्यकर्ता की तरह व्यवहार करता है, तो यह सरकारी सेवा की मर्यादा के विपरीत है।

उन्होंने यह भी कहा कि अधिकारियों को राजनीतिक गतिविधियों में रुचि है तो उन्हें सरकारी नौकरी से इस्तीफा देकर औपचारिक रूप से राजनीति में शामिल होना चाहिए। मरांडी ने सत्ता के प्रभावशाली लोगों की कथित चापलूसी करने वाले अधिकारियों पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि ऐसे अधिकारी जनता के हित में प्रभावी ढंग से काम नहीं कर सकते।

मुख्य सचिव से की कार्रवाई की मांग

मरांडी ने मुख्य सचिव से मामले का संज्ञान लेते हुए उच्चस्तरीय जांच का आदेश देने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जांच में यदि अधिकारी दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए, यहां तक कि सेवा से बर्खास्तगी पर भी विचार किया जाना चाहिए।

राजनीतिक कार्यक्रम में अधिकारियों की मौजूदगी बना मुद्दा

बरहेट मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का विधानसभा क्षेत्र है। ऐसे में मुख्यमंत्री के निर्वाचन क्षेत्र में आयोजित JMM कार्यक्रम में सरकारी अधिकारी की कथित मौजूदगी को लेकर बाबूलाल मरांडी के बयान ने राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज कर दी है। मालूम हो कि जेएमएम के केंद्रीय सचिव पंकज मिश्रा ,जिला परिषद अध्यक्ष मोनिका किस्कु सहित सहित अन्य JMM ने नेता बरहेट में कार्यकर्ता के साथ बैठक कर रहे थे इसी बैठक में BDO अंशु कुमार पांडे मौजूद थे इसी को लेकर क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है क्या जिला में पदाधिकारी जेएमएम के कार्यकर्ता बन गए है?

 


September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views
September 4, 2026 | 277 Views