सिल्ली-मुरी। सिल्ली नगर कमिटी की ओर से विभिन्न जनसमस्याओं एवं संगठनात्मक मुद्दों को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सिल्ली के राजा साहब पुष्पेंद्र नाथ सिंह देव ने की। संचालन भरत देव साईं ने किया।बैठक में केंद्रीय कमेटी के सचिव संजय सिद्धार्थ एवं सुनील कुमार सिंह, नगर प्रभारी सह केंद्रीय सचिव गौतम कृष्णा साहू, पंचायत प्रभारी सुरेश मुंडा समेत संजीत सिंह देव, निर्मल मंडल, दीपक सेन गुप्ता, भानु प्रताप सिंह, रवि सिंह, असित नाग, विपुल राय, प्रसनजीत दुबे, सुभाष मुंडा, आनंद कालिंदी और मनोज साव सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।बैठक के दौरान सिल्ली-मुरी क्षेत्र से जुड़ी विभिन्न जनसमस्याओं पर चर्चा करते हुए उनके समाधान के लिए आवश्यक पहल करने पर जोर दिया गया। इसके अलावा सदस्यता अभियान को व्यापक स्तर पर चलाने तथा संगठन की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने को लेकर रणनीति पर विचार-विमर्श हुआ।वक्ताओं ने संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने और आम लोगों से निरंतर संपर्क बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यकर्ताओं से संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाने तथा क्षेत्र की समस्याओं को प्राथमिकता के साथ उठाने का आह्वान किया गया।यदि चाहें तो मैं इसका और ज्यादा दमदार फ्रंट-पेज शैली का संस्करण भी तैयार कर सकता हूं।
रांची। राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को और प्रभावी एवं जवाबदेह बनाने को लेकर स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने शुक्रवार को राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM), नामकुम स्थित सभागार में विभागीय योजनाओं और कार्यक्रमों की उच्चस्तरीय समीक्षा की। बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की प्रगति, योजनाओं के भौतिक एवं वित्तीय लक्ष्य, बजट खर्च, मानव संसाधन तथा आम लोगों को मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं की विस्तार से समीक्षा की गई। मंत्री ने अधिकारियों को योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने और विभागीय कार्यक्रमों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
सहियाओं के भुगतान में देरी नहीं
समीक्षा बैठक में सहियाओं को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि का मुद्दा प्रमुखता से उठा। मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सहियाओं को उनकी प्रोत्साहन राशि समय पर मिले और भुगतान में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने भविष्य में राज्य सरकार की ओर से सहियाओं को दी जाने वाली विशेष प्रोत्साहन राशि को राज्य मुख्यालय स्तर से सीधे भेजने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
मंत्री ने कहा कि भुगतान की प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया जाना जरूरी है, ताकि सहियाओं को उनके कार्य का पारिश्रमिक समय पर मिल सके। सहियाओं के कार्य को तकनीकी रूप से आसान बनाने के लिए उन्हें जल्द टैब उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया गया।
संविदाकर्मियों के मानदेय भुगतान में सुधार
बैठक में संविदा पर कार्यरत स्वास्थ्यकर्मियों के मानदेय भुगतान की प्रक्रिया की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने निर्देश दिया कि संविदाकर्मियों के मानदेय का भुगतान HIRS के माध्यम से राज्य मुख्यालय स्तर से करने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाए। इसका उद्देश्य भुगतान प्रक्रिया में होने वाले अनावश्यक विलंब को कम करना है।
मंत्री ने स्वास्थ्यकर्मियों से जुड़े भुगतान की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाने और समय पर मानदेय उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
NHM कर्मियों को जल्द EPF का लाभ
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत कार्यरत कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा का लाभ देने को लेकर भी मंत्री ने महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने NHM कर्मियों को जल्द EPF का लाभ उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने को कहा।
मंत्री के अनुसार मिशन के तहत कार्यरत कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
डॉक्टरों के रिक्त पद जल्द भरने के निर्देश
स्वास्थ्य संस्थानों में डॉक्टरों के रिक्त पदों को लेकर भी मंत्री ने अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों में पर्याप्त मानव संसाधन की उपलब्धता जरूरी है, ताकि आम लोगों को समय पर गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवा मिल सके।
उन्होंने डॉक्टरों के रिक्त पदों को जल्द भरने की दिशा में कार्रवाई तेज करने को कहा। स्वास्थ्य संस्थानों में मानव संसाधन की उपलब्धता को स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता से जोड़ते हुए मंत्री ने इस दिशा में गंभीरता से काम करने का निर्देश दिया।
मलेरिया मरीजों को मच्छरदानी उपलब्ध कराने का निर्देश
राष्ट्रीय मलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान मंत्री ने मलेरिया प्रभावित मरीजों की सुरक्षा और बीमारी की रोकथाम के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा। उन्होंने मलेरिया से ग्रसित मरीजों को मच्छरदानी उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने अधिकारियों से मलेरिया नियंत्रण एवं रोकथाम से संबंधित गतिविधियों की जमीनी स्तर पर लगातार निगरानी करने और क्षेत्र की स्थिति के अनुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
कम खर्च वाले कार्यक्रमों पर रहेगी विशेष नजर
समीक्षा के दौरान विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की भौतिक और वित्तीय प्रगति की जानकारी ली गई। जिन योजनाओं और कार्यक्रमों में निर्धारित लक्ष्य की तुलना में वित्तीय व्यय कम पाया गया, उन पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश मंत्री ने दिया।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं का समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए तथा उपलब्ध बजट का निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप समुचित उपयोग हो। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि विभागीय योजनाओं का वास्तविक लाभ आम जनता और जरूरतमंद लोगों तक पहुंचना चाहिए।
क्षेत्रीय फीडबैक के आधार पर योजनाओं में सुधार
मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को अपने-अपने कार्यक्रमों की नियमित मॉनिटरिंग करने का निर्देश दिया। उन्होंने क्षेत्र भ्रमण और जमीनी स्तर से मिलने वाले फीडबैक को योजनाओं के क्रियान्वयन का आधार बनाने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र में योजनाओं के क्रियान्वयन के दौरान सामने आने वाली समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाए। इसके साथ ही विभागों के बीच बेहतर समन्वय और कार्यक्रमों की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक के अंत में मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं और कार्यक्रमों का लाभ समयबद्ध तरीके से आम जनता तक पहुंचे। इसके लिए सभी स्तरों पर जवाबदेही तय करने और नियमित समीक्षा की व्यवस्था को प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा, निदेशक वित्त सहित विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों के नोडल पदाधिकारी एवं परामर्शी मौजूद रहे।
रांची । ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) ने रांची के अल्बर्ट एक्का चौक पर चुनाव आयोग के कार्यप्रणाली और SIR के नाम पर मतदाताओं के नाम हटाए जाने के खिलाफ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पुतला दहन कर प्रतिवाद सभा किया गया। साथ ही जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार किए गए भाकपा माले महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य, आइसा केन्द्रीय अध्यक्ष नेहा, महासचिव प्रसेनजीत, योगेन्द्र यादव, वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण के साथ अन्य सदस्यों के समर्थन नारे भी लगाए गये। साथ ही रिहाई की मांग की गई।
आइसा के राज्य सचिव त्रिलोकी नाथ ने कहा कि जब भारत के चुनाव आयोग में खुद ही लोकतंत्र स्थापित नहीं है,तो देश में जो चुनाव हो रहे हैं, उनकी निष्पक्षता की क्या गारंटी है? तीन मुख्य चुनाव आयुक्तों में से दो की सहमति नहीं है, फिर भी असंवैधानिक तरीके से काम किया गया है। आखिर मुख्य चुनाव आयुक्त ने दोनों चुनाव आयुक्तों की बातें क्यों नहीं मानीं? जब सहमति नहीं बनी और दोनों की आपत्तियां थीं, तो उन्हें क्यों नहीं माना गया? ये लोग किनके निजी हित साधने के लिए काम कर रहे हैं?
आइसा रांची जिला अध्यक्ष विजय कुमार ने SIR के नाम पर 13 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं के नाम काटे गए हैं। गोवा की घटना में स्थायी अधिकारियों ने जांच कर लोगों को योग्य पाया, लेकिन उनके नाम वोटर लिस्ट में जोड़े नहीं गए। यह बिल्कुल लोकतंत्र विरोधी है। आज जहां ज्ञानेश कुमार को गिरफ्तार करना चाहिए था उसके विपरीत जंतर-मंतर पर नागरिक प्रतिवाद आमलोगों के मतदान के अधिकार में पक्ष रखने वाले नेताओं को गिरफ्तार किया गया।
आइसा एक्टिविस्ट सुहानी मेहता ने कहा कि कहा कि हजारों शहादत के बाद देश के आमलोगों को वोट देने का संवैधानिक अधिकार मिला है और अब उसी अधिकार पर हमला किया जा रहा है। पेपर चोर, नोट चोर और भ्रष्टाचार करने वाले ही भारत के नागरिकों के वोट की चोरी कर रहे हैं और पेपर चोरी तथा पेपर लीक करा रहे हैं।
आइसा के पूर्व झारखंड राज्य अध्यक्ष सुहानी मेहता ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र को मजबूत करने और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए यह बेहद जरूरी है कि ज्ञानेश कुमार को गिरफ्तार किया जाए और वे इस्तीफा दें। SIR के बाद हुए चुनाव को रद्द किया जाए और SIR रद्द किया जाए।
प्रदर्शन में सुफियान, सोनाली केवट, नौरीन अख्तर, कबीर, प्रतिभा चौधरी, निखिल राज, सुदामा खलखो, भीम साहू, आकाश रंजन, स्वेत कमल, शाहिद, राकेश बड़ाइक, सृष्टि, आशीष प्रजापति के साथ दर्जनों आइसा, भाकपा माले के कार्यकर्ताओं के साथ छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
सिल्ली। झारखंड आंदोलन के पुरोधा एवं समाज सुधारक स्व. बिनोद बिहारी महतो की जयंती बुधवार को सिल्ली स्टेडियम परिसर में श्रद्धापूर्वक मनाई गई। कार्यक्रम में आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो ने स्व. बिनोद बिहारी महतो की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।इस अवसर पर सुदेश कुमार महतो ने कहा कि बिनोद बाबू ने शिक्षा और सामाजिक जागरूकता को परिवर्तन का माध्यम बनाया। उन्होंने झारखंड के हक, अधिकार और सामाजिक न्याय के लिए संघर्ष किया। उनके विचार, संघर्ष और जनसेवा की भावना आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत हैं।उन्होंने कहा कि बिनोद बाबू जिस झारखंड की कल्पना करते थे, उसमें शिक्षा, स्वाभिमान, रोजगार, सामाजिक न्याय और आम लोगों के अधिकार प्रमुख थे। उनके सपनों का झारखंड बनाने के लिए शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने, युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, नियुक्ति प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने तथा भ्रष्टाचार पर प्रभावी नियंत्रण की जरूरत है।सुदेश महतो ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितता और प्रश्नपत्र लीक जैसी शिकायतों से युवाओं में चिंता पैदा होती है। ऐसे मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई और परीक्षा व्यवस्था को पारदर्शी बनाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि बिनोद बाबू के विचारों को वास्तविक रूप से आगे बढ़ाने के लिए युवाओं को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में बेहतर अवसर देना होगा।कार्यक्रम में झारखंड आंदोलनकारी एवं आजसू पार्टी के केंद्रीय संगठन सचिव जयपाल सिंह, जिला परिषद उपाध्यक्ष वीणा देवी, संजय सिद्धार्थ, सुनील कुमार सिंह, केंद्रीय सचिव सुशील महतो, लक्ष्मण महतो, लक्ष्मी महतो, मनोज साव, सुरेश मुंडा सहित कई पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों ने स्व. बिनोद बिहारी महतो के सामाजिक एवं राजनीतिक योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस दौरान ‘‘बिनोद बाबू अमर रहें’’ के नारे भी लगाए गए।
साहिबगंज: साहिबगंज रेलवे कॉलोनी स्थित पीर दरगाह रोड पर महीनों से नाले का गंदा पानी सड़क पर जमा था। विश्वकर्मा पूजा जैसे महत्वपूर्ण त्योहार के गुजर जाने के बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई थी। इस कारण प्रतिदिन सैकड़ों आम नागरिकों, रेलवे कॉलोनीवासियों, महिलाओं और बच्चों को गंदे पानी से होकर आवागमन करना पड़ रहा था।
रुका हुआ नाले का पानी न केवल दुर्गंध का कारण बना हुआ था, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी चिंता का विषय भी बन गया था।
जनसमस्या को देखते हुए शहर के युवा एवं सामाजिक रूप से जागरूक शिवम शर्मा ने सोशल मीडिया के माध्यम से मालदा मंडल के डीआरएम एवं ईस्टर्न रेलवे मुख्यालय तक मामले की जानकारी पहुंचाई। उन्होंने जनहित में तत्काल हस्तक्षेप करते हुए समस्या का समाधान कराने तथा आम नागरिकों को राहत देने की मांग की।
मामले पर मालदा डीआरएम की ओर से जवाब दिया गया कि उक्त रास्ता अनऑथराइज्ड है और सड़क पर जमा पानी नगरपालिका के नाले के जाम होने के कारण है।
डीआरएम के इस जवाब पर शिवम शर्मा ने असहमति जताते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, जीएम गीतिका पांडे, साहिबगंज उपायुक्त एवं पूर्व विधायक अनंत ओझा को टैग करते हुए कहा कि मुद्दा रास्ते के अधिकृत या अनधिकृत होने का नहीं, बल्कि आम नागरिकों की रोजमर्रा की परेशानी का है। उन्होंने कहा कि यह मार्ग प्रतिदिन सैकड़ों लोगों के आवागमन में उपयोग होता है और लोगों को लंबे समय से गंदे एवं रुके हुए पानी के बीच से गुजरना पड़ रहा है।
श्री शर्मा ने यह भी कहा कि यदि रेलवे का ड्रेनेज आउटफॉल नगरपालिका के नाले से जुड़ा है और नगरपालिका का नाला जाम है, तो रेलवे, नगरपालिका, PWD और NHAI सहित संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाना चाहिए। साथ ही, स्थायी समाधान होने तक तत्काल अस्थायी व्यवस्था कर रास्ते को आवागमन योग्य बनाया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि क्षेत्राधिकार चाहे किसी भी विभाग का हो, उसका खामियाजा आम नागरिकों को नहीं भुगतना चाहिए।
मामला सामने आने के बाद रेलवे अधिकारियों ने कार्रवाई करते हुए फिलहाल रास्ते पर डस्ट की मोटी परत बिछाकर उसे आवागमन योग्य बना दिया है। इससे स्थानीय लोगों को तत्काल राहत मिली है।
शिवम शर्मा ने बताया कि मालदा डीआरएम की ओर से यह आश्वासन भी दिया गया है कि जल्द ही संबंधित विभागों के साथ इंटर-डिपार्टमेंटल बैठक आयोजित कर इस समस्या का स्थायी समाधान निकालने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय लोगों के लिए यह पहल इस बात का उदाहरण है कि किसी जनसमस्या को उचित माध्यम से संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने और उसके समाधान के लिए लगातार पहल करने से तात्कालिक राहत का रास्ता खुल सकता है।
सोनाहातु :- रांची पूर्वी जिला सभा का बैठक संपन्न किया गया वही 1अक्टूबर को राज्यस्तरीय भूमी कन्वेंशन,8 अक्टूबर को महिला किसान कन्वेंशन तथा 26 नवंबर को बड़े किसान आन्दोलन का निर्णय झारखंड राज्य किसान सभा का रांची पूर्वी जिला किसान कोंसिल बैठक प्रेम चंद पातर की अध्यक्षता में सोनाहातु में सम्पन्न हुई दिशा-निर्देश के लिए उपस्थित झारखंड राज्य किसान सभा के महासचिव सुफल महतो ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा किसान विरोधी भारत - अमेरिका व्यापार समझौता,बीज और बिजली विधेयक, खनिज विधेयक,एम्,एस,पी, में कटौती, बढ़ती किसान आत्महत्याएं,जल, जंगल, खनिज संपदा पर कारपोरेट कब्जा मोदी सरकार का अन्नदाता किसानों पर सबसे बड़ा हमला है। बैठक में 27 सितंबर को शहीद भगतसिंह जयंती के अवसर पर किसान संकल्प दिवस,1 अक्टूबर को रांची में राज्यस्तरीय भूमी कन्वेंशन को अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक ढावले, संयुक्त सचिव अवधेश कुमार संबोधित करेंगे की व्यापक तैयारी करने,8 अक्टूबर को रांची में महिला किसान कन्वेंशन करने, 3 से 6 अक्टूबर को हर गांवों में किसान पंचायत करने,15 नवंबर को शहीद बिरसा मुंडा जयंती मनाने,26 नवम्बर को बड़ा किसान आन्दोलन के लिए गांवों में पदयात्रा, साईकिल जुलूस, नुक्कड़ सभा, सभा करने का निर्णय लिया गया। बैठक में जिला सचिव रतन महतो, उपाध्यक्ष दिवाकर सिंह मुंडा, प्रेम चंद पातर, शिवेशवर अहिर, रीता स्वासी, लक्ष्मी मुंडा,बसंत मुंडा,घुरन पातर, उमेश महतो, जयपाल सिंह मुंडा,पांडराम मुंडा आदि उपस्थित थे।
सिल्ली मूरी । सिल्ली स्टेडियम में शनिवार को करम अखाड़ा समिति के तत्वावधान में विधानसभा स्तरीय आखड़ाय करम महोत्सव का आयोजन किया गया। महोत्सव में सिल्ली विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। मांदर और ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच पारंपरिक गीत और नृत्य की प्रस्तुतियों ने पूरे माहौल को उत्सवमय बना दिया।कार्यक्रम में पूर्व उपमुख्यमंत्री सुदेश कुमार महतो, गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी, मांडू विधायक निर्मल महतो, पूर्व विधायक लंबोदर महतो, लोक कलाकार बुटन देवी, जिला परिषद उपाध्यक्ष वीणा चौधरी, पूर्व जिला परिषद उपाध्यक्ष चित्तरंजन महतो, प्रमुख जितेंद्र नाथ बड़ाइक, अंतरराष्ट्रीय लॉन बॉल खिलाड़ी दिनेश महतो सहित कई अतिथि उपस्थित रहे।मांदर की थाप शुरू होते ही ग्रामीणों के साथ अतिथियों ने भी करम नृत्य में हिस्सा लिया। सुदेश कुमार महतो करमा नृत्य दल के साथ मंच पर नृत्य करते नजर आए। इसके बाद उन्होंने मैदान में सामूहिक करम नृत्य में भी भाग लिया। गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी, मांडू विधायक निर्मल महतो, जयपाल सिंह, पूर्व जिला परिषद सदस्य गौतम कृष्ण साहु और ब्रजेश प्रसाद समेत अन्य अतिथियों ने भी ग्रामीणों के साथ नृत्य कर महोत्सव का उत्साह बढ़ाया।सुदेश कुमार महतो ने कहा कि करम पर्व प्रकृति, परंपरा और सामुदायिक जीवन से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। आखड़ाय करम महोत्सव झारखंड की लोक संस्कृति, सामाजिक एकता और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी अपनी भाषा, संस्कृति, लोकगीत और परंपराओं से जुड़ती है। उन्होंने आयोजन समिति और क्षेत्र के लोगों को सफल आयोजन के लिए बधाई दी।आयोजन समिति के जयपाल सिंह ने कहा कि महोत्सव का उद्देश्य पारंपरिक करम संस्कृति, लोकगीत और नृत्य को संरक्षित करना तथा युवाओं को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना है।महोत्सव के सफल आयोजन में चारु बाला देवी, लता महतो, सविता रानी, बबीता देवी, दीपा बड़ाइक, कल्याणी कुमारी, लक्ष्मण महतो और विकास महतो सहित समिति के सदस्यों एवं क्षेत्रवासियों का योगदान रहा।
सिल्ली मूरी । खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम, 2026 को लेकर झारखंड मुक्ति मोर्चा सिल्ली प्रखंड की ओर से प्रखंड कार्यालय के समक्ष विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के नाम संबोधित ज्ञापन सिल्ली प्रखंड विकास पदाधिकारी अनिल कुमार को सौंपा गया।ज्ञापन के माध्यम से झामुमो ने झारखंड के संवैधानिक एवं संघीय अधिकारों, वित्तीय स्वायत्तता तथा आदिवासी-मूलवासी समाज के जल, जंगल, जमीन एवं खनिज अधिकारों की रक्षा की मांग की। पार्टी ने खनिज संसाधनों से जुड़े मामलों में राज्यों के अधिकारों को महत्व देने तथा खनिज उत्पादक राज्यों के साथ सार्थक एवं संस्थागत परामर्श सुनिश्चित करने का आग्रह किया।इस अवसर पर सिल्ली विधायक अमित कुमार महतो ने कहा कि झारखंड की अर्थव्यवस्था और यहां के लोगों का जीवन प्राकृतिक संसाधनों से जुड़ा हुआ है। इसलिए खनिज नीति से संबंधित प्रावधानों में राज्य के हितों और स्थानीय लोगों के अधिकारों को ध्यान में रखना आवश्यक है।सिल्ली जिला परिषद पूर्वी सदस्य लक्ष्मी कुमारी ने आदिवासी-मूलवासी समाज, विस्थापित परिवारों तथा खनन प्रभावित क्षेत्रों के अधिकारों की रक्षा की मांग की। उन्होंने कहा कि जल, जंगल, जमीन और खनिज संसाधन स्थानीय समाज के जीवन, संस्कृति और पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं।ज्ञापन में भगवान बिरसा मुंडा, सिद्धो-कान्हू, चांद-भैरव और फूलो-झानो सहित अन्य आंदोलनकारियों के संघर्ष का उल्लेख करते हुए प्राकृतिक संसाधनों एवं स्थानीय अधिकारों की रक्षा की मांग की गई। खान एवं खनिज अधिनियम में जोड़ी गई धारा 9-डी के संवैधानिक एवं कानूनी पहलुओं पर विचार करने का भी आग्रह किया गया।इसके अलावा झारखंड के करीब एक लाख 36 हजार करोड़ रुपये के लंबित खनन संबंधी आर्थिक दावों के शीघ्र निपटारे के लिए केंद्र सरकार से आवश्यक पहल करने की मांग रखी गई। साथ ही 25 जुलाई 2024 को सर्वोच्च न्यायालय की नौ सदस्यीय संविधान पीठ द्वारा खनिज क्षेत्र विकास प्राधिकरण बनाम भारतीय इस्पात प्राधिकरण लिमिटेड मामले में दिए गए निर्णय के अनुरूप राज्यों के खनिज अधिकारों एवं खनिज-युक्त भूमि से जुड़े कराधान अधिकारों पर विचार करने की मांग की गई।ज्ञापन झामुमो सिल्ली प्रखंड अध्यक्ष बलराम महतो उर्फ राधिका महतो की ओर से सौंपा गया। कार्यक्रम के दौरान झामुमो कार्यकर्ताओं ने संशोधन अधिनियम के प्रावधानों को लेकर विरोध दर्ज कराते हुए झारखंड के हितों और स्थानीय अधिकारों की रक्षा के लिए आवश्यक पहल करने की मांग की।
सिल्ली मूरी। सिल्ली स्टेडियम में शनिवार, 19 सितंबर को आयोजित होने वाले विधानसभा स्तरीय आखड़ाय करम महोत्सव की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। करम अखाड़ा समिति सिल्ली के तत्वावधान में आयोजित महोत्सव को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं के शामिल होने की तैयारी है।कार्यक्रम की जानकारी देते हुए जयपाल सिंह ने बताया कि महोत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व उपमुख्यमंत्री सुदेश कुमार महतो सहित कई गणमान्य लोग शामिल होंगे। आयोजन को लेकर समिति के सदस्यों द्वारा अधिक से अधिक महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए गांव-गांव और घर-घर जनसंपर्क अभियान चलाया गया है।
आयोजकों के अनुसार करम महोत्सव में लोग सामूहिक रूप से पारंपरिक गीत गाते हैं और लोकनृत्य प्रस्तुत करते हुए प्रकृति से अच्छी फसल एवं सुख-समृद्धि की कामना करते हैं। इसी परंपरा और सांस्कृतिक विरासत को केंद्र में रखते हुए इस बार महोत्सव को भव्य रूप देने की तैयारी की गई है।महोत्सव के सफल आयोजन के लिए पूरे विधानसभा क्षेत्र में कार्यकर्ताओं एवं महिलाओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। आयोजन स्थल पर आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दे दिया गया है।
मुरी/सिल्ली। भगवान विश्वकर्मा की पूजा के अवसर पर शुक्रवार को सिल्ली-मुरी एवं आसपास के क्षेत्रों में श्रद्धा और उल्लास का माहौल बना रहा। विभिन्न औद्योगिक प्रतिष्ठानों, रेलवे विभागों, दुकानों, गैरेजों और कार्यस्थलों पर भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा स्थापित कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई।मुरी स्थित हिंदाल्को प्लांट, रेलवे क्षेत्र, बड़ा मुरी, झारखंड मोड़ सिल्ली सहित कई स्थानों पर पूजा को लेकर विशेष तैयारियां की गईं। आकर्षक ढंग से सजाए गए पूजा पंडालों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू हो गई। लोगों ने भगवान विश्वकर्मा के दर्शन कर सुख-समृद्धि, कार्यक्षेत्र में सफलता और सुरक्षा की कामना की। मुरी रेलवे क्षेत्र के सिग्नल विभाग, आईडब्ल्यू (I.W.) विभाग, इंजीनियरिंग विभाग, बिजली विभाग और टीआरडी विभाग समेत विभिन्न स्थानों पर पुरोहितों द्वारा विधिवत पूजा-अर्चना की गई। पूजा के दौरान मशीनरी, तकनीकी उपकरण, औजार और वाहनों की भी पूजा की गई। वहीं घरों, दुकानों और गैरेजों में भी लोगों ने अपने छोटे-बड़े वाहनों एवं कार्य में उपयोग होने वाले उपकरणों की पूजा की।पूजा स्थलों पर दिनभर श्रद्धालुओं की भीड़ बनी रही। पूजा-अर्चना के बाद प्रसाद का वितरण किया गया। कई स्थानों पर भंडारे का भी आयोजन हुआ, जिसमें लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान विश्वकर्मा को सृष्टि का प्रथम शिल्पकार और देवताओं का वास्तुकार माना जाता है। निर्माण, शिल्प, उद्योग, तकनीक और मशीनरी से जुड़े कार्यों में उनकी पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। विश्वकर्मा पूजा के दौरान पूरे सिल्ली-मुरी क्षेत्र में दिनभर भक्तिमय और उत्सवी वातावरण बना रहा।