रांची । अपराध नियंत्रण, विधि-व्यवस्था, यातायात व्यवस्था और लंबित कांडों के त्वरित निष्पादन को लेकर वरीय पुलिस अधीक्षक, रांची ने रविवार को पुलिस कार्यालय में समीक्षा बैठक की। बैठक में पुलिस अधीक्षक नगर, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, पुलिस अधीक्षक यातायात, सभी पुलिस उपाधीक्षक, थाना प्रभारी एवं यातायात पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में जिले में अपराध की वर्तमान स्थिति, लंबित मामलों के अनुसंधान एवं निष्पादन, भूमि विवाद, गुमशुदगी के मामले, आईटी एक्ट से जुड़े कांड, चोरी एवं अन्य संपत्ति संबंधी अपराध, न्यायालयीय प्रक्रियाओं, मालखाना में लंबित जब्त सामान एवं वाहनों तथा यातायात व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की गई।
एसएसपी ने भूमि विवाद से जुड़े मामलों में गंभीरता के साथ गुणवत्तापूर्ण और त्वरित अनुसंधान का निर्देश दिया। वहीं Missing Persons और बच्चों से संबंधित मामलों की नियमित समीक्षा करते हुए गुमशुदा लोगों की जल्द बरामदगी और ट्रेसिंग के लिए प्रभावी कार्रवाई करने को कहा।
IT Act से जुड़े मामलों में तकनीकी एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों के समुचित संकलन पर जोर देते हुए निर्धारित समय-सीमा में अनुसंधान पूरा करने का निर्देश दिया गया। इसके अलावा CEIR Portal पर दर्ज गुम मोबाइल फोन के मामलों की नियमित समीक्षा कर बरामद मोबाइल को नियमानुसार सत्यापन के बाद संबंधित लोगों को वापस उपलब्ध कराने को कहा गया।
एसएसपी ने सभी थाना प्रभारियों को कांडों की Reporting और Disposal पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। अनुसंधान पूरा होने के बाद विधिसम्मत प्रक्रिया का पालन करते हुए मामलों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया। संबंधित मामलों में 60 से 90 दिनों के भीतर अनुसंधान पूरा कर चार्जशीट दाखिल करने पर भी विशेष जोर दिया गया।
बैठक में मालखाना में लंबे समय से लंबित जब्त सामान और वाहनों की समीक्षा करने तथा जिन मामलों में अनुसंधान या न्यायालयीय प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, उन्हें चिन्हित कर न्यायालय से आवश्यक आदेश प्राप्त करते हुए जब्त सामान एवं वाहनों के शीघ्र निष्पादन का निर्देश दिया गया।
चोरी, चेन स्नैचिंग, अवैध हथियार, NDPS, गृहभेदन और अन्य संगठित अपराधों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने का निर्देश भी दिया गया। जेल से बाहर आए अपराधियों, असामाजिक तत्वों तथा गंभीर अपराधों में संलिप्त रहे आरोपियों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखने को कहा गया।
Surveillance Proceeding के तहत विशेष रूप से NDPS एवं अन्य गंभीर अपराधों में संलिप्त रहे तथा दो या उससे अधिक मामलों में आरोपी रहे अपराधियों को चिन्हित कर नियमानुसार निगरानी प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया गया।
यातायात व्यवस्था को लेकर एसएसपी ने प्रमुख चौक-चौराहों, भीड़भाड़ वाले इलाकों और संवेदनशील मार्गों पर यातायात पुलिस की प्रभावी मौजूदगी सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही पेट्रोलिंग पार्टियों को QR Code आधारित पेट्रोलिंग सुनिश्चित करने तथा निर्धारित पेट्रोलिंग प्वाइंट पर QR Code स्कैन कर गश्ती की नियमितता बनाए रखने का निर्देश दिया।
रात्रिकालीन गश्ती को और प्रभावी बनाने पर भी विशेष जोर दिया गया। सभी थाना प्रभारियों को स्वयं रात्रि में क्षेत्र भ्रमण कर पेट्रोलिंग की निगरानी करने को कहा गया। पुलिस उपाधीक्षकों को अपने-अपने क्षेत्रों में रूटीन पेट्रोलिंग, रात्रि गश्ती और थाना स्तर की पुलिसिंग का नियमित पर्यवेक्षण करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में E-Sakshya के प्रभावी उपयोग, साक्ष्यों के उचित संकलन, अपलोडिंग एवं सुरक्षित रख-रखाव पर भी जोर दिया गया। चरित्र सत्यापन और पासपोर्ट सत्यापन के आवेदनों का निर्धारित समय-सीमा में निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया। वहीं POCSO मामलों की नियमित समीक्षा कर अनुसंधान में तेजी लाने और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने के लिए आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया गया।
एसएसपी ने यह भी स्पष्ट किया कि आम नागरिकों को FIR दर्ज कराने के लिए थाना-थाना भटकना नहीं पड़े। पीड़ित की शिकायत पर नियमानुसार तत्काल आवश्यक कार्रवाई करते हुए प्राथमिकी दर्ज करने और शिकायत के निष्पादन की प्रक्रिया को सरल एवं सुगम बनाने का निर्देश दिया गया।
इसके अलावा लंबित वारंट, कुर्की-जब्ती, जमानत एवं अन्य न्यायालयीय प्रक्रियाओं का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया।
वरीय पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि अपराध नियंत्रण, गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान, कांडों का समयबद्ध निष्पादन, विधि-व्यवस्था का संधारण और आम जनता की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी पुलिस पदाधिकारियों को जनता की शिकायतों के त्वरित समाधान, पीड़ितों के प्रति संवेदनशील व्यवहार तथा अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी एवं विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।