| Breaking News |
साहेबगंज । झारखंड संयुक्त असैनिक सेवा (सीधी भर्ती) प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा के सफल एवं सुचारू संचालन को लेकर आज समाहरणालय सभागार, में जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त दीपक कुमार दुबे की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक की गई।
बैठक के दौरान परीक्षा की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई तथा सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। झारखंड लोक सेवा आयोग, रांची के निर्देशानुसार यह परीक्षा दिनांक 19 अप्रैल, 2026 (रविवार) को जिले के कुल 13 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। जिला प्रशासन द्वारा परीक्षा के शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित संचालन के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
उपायुक्त श्री दुबे ने स्पष्ट निर्देश दिया कि परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी एवं कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराया जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षा की विश्वसनीयता बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
परीक्षा दो पालियों में आयोजित की जाएगी। प्रथम पाली सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक तथा द्वितीय पाली दोपहर 03:00 बजे से शाम 05:00 बजे तक निर्धारित है। दोनों ही पालियों में वस्तुनिष्ठ (ऑब्जेक्टिव) प्रश्न पत्र होंगे, जिनकी अवधि 2-2 घंटे की होगी।
बैठक में उपायुक्त ने सभी प्रतिनियुक्ति दंडाधिकारी को निर्देश दिया कि वे परीक्षा से पूर्व सभी व्यवस्थाओं का भौतिक सत्यापन एवं पूर्वाभ्यास सुनिश्चित करें। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों के लिए पेयजल, स्वच्छ शौचालय, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, बैठने की उचित व्यवस्था तथा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा गया। इसके अतिरिक्त प्रत्येक केंद्र पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों के आसपास विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए धारा 144 का सख्ती से अनुपालन किया जाए तथा अनावश्यक भीड़-भाड़ पर पूर्ण नियंत्रण रखा जाए। परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या कदाचार की सूचना मिलने पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
जिला प्रशासन द्वारा सभी अभ्यर्थियों से अपील की गई है कि वे परीक्षा केंद्र पर निर्धारित समय से कम से कम एक घंटे पूर्व पहुंचें, ताकि प्रवेश प्रक्रिया सुचारू रूप से पूरी की जा सके। सभी अभ्यर्थियों को अपने साथ प्रवेश पत्र (एडमिट कार्ड) एवं एक वैध फोटो पहचान पत्र लाना अनिवार्य होगा। बिना प्रवेश पत्र के किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बैठक में उप विकास आयुक्त सतीश चंद्रा, परियोजना निदेशक संजय कुमार दास, अपर समाहर्त्ता गौतम कुमार भगत, जिला स्तरीय सभी पदाधिकारी एवं प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी उपस्थित थे।
साहिबगंज । जिला के 37वें उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी के रूप में भारतीय प्रशासनिक सेवा (2019 बैच) के अधिकारी दीपक कुमार दुबे ने विधिवत रूप से अपना कार्यभार ग्रहण किया।
समाहरणालय परिसर में आयोजित एक सादे किंतु गरिमामय कार्यक्रम के दौरान उन्होंने पदभार संभालते हुए जिले के सर्वांगीण विकास एवं सुशासन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
कार्यभार ग्रहण करने के उपरांत उपायुक्त श्री दुबे ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। उन्होंने प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं त्वरित निष्पादन पर विशेष बल देते हुए सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया।
उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, आधारभूत संरचना एवं कानून-व्यवस्था के क्षेत्रों में निरंतर सुधार हेतु ठोस पहल की जाएगी। साथ ही, आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जनसुनवाई व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा।
इस अवसर जिले के तमाम पदाधिकार सहित मीडिया कर्मी उपस्थित थे।
रांची: झारखंड सरकार के कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार, भाषा विभाग ने राज्य के प्रशासनिक ढांचे में बड़ा बदलाव करते हुए कई जिलों के उपायुक्त (डीसी) का तबादला कर दिया है। इस फेरबदल को प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
जारी आदेश के अनुसार कई जिलों में नए उपायुक्तों की नियुक्ति की गई है। प्रमुख बदलाव इस प्रकार हैं—
इसके अलावा अन्य जिलों में भी बड़े पैमाने पर बदलाव किए गए हैं—
सरकार की ओर से कहा गया है कि यह तबादला प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाने, सुशासन को मजबूत करने और जिलों में विकास कार्यों को गति देने के उद्देश्य से किया गया है।
राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में इस बदलाव को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। माना जा रहा है कि नए उपायुक्तों की तैनाती से जिलों में विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी और आम जनता को बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी।
सोनाहातु (राँची): पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी कड़ी में सहायक आयुक्त उत्पाद के निर्देश पर राँची जिले के पश्चिम बंगाल से सटे सीमावर्ती इलाकों में अवैध शराब के खिलाफ व्यापक छापेमारी अभियान चलाया गया।
गुप्त सूचना के आधार पर चलाए गए इस अभियान के तहत सारेंगडीह, बरुआडीह, बीरदीडीह नदी किनारे समेत कई संवेदनशील स्थानों पर छापेमारी की गई। इस दौरान अवैध चुलाई शराब बनाने वाली कई भट्टियों को मौके पर ही ध्वस्त कर दिया गया।
छापेमारी के दौरान प्रशासन ने बड़ी मात्रा में कार्रवाई करते हुए करीब 2850 किलोग्राम फर्मेंटेड जावा महुआ को नष्ट किया, जबकि लगभग 85 लीटर अवैध चुलाई शराब जब्त की गई।
हालांकि, इस अवैध कारोबार से जुड़े भट्ठी संचालक मौके से फरार होने में सफल रहे। प्रशासन द्वारा उनके खिलाफ उत्पाद अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चुनाव अवधि के दौरान अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और परिवहन पर कड़ी नजर रखी जा रही है और इस तरह के अभियान लगातार जारी रहेंगे।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड द्वारा जिला प्रशासन, चतरा (झारखंड) के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। यह पहल सीसीएल की कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) योजना के अंतर्गत की गई है, जिसका उद्देश्य आदिम जनजातीय समूह (PVTGs) के जीवन स्तर में समग्र सुधार लाना है।
इस समझौते के अंतर्गत चतरा जिले के इटखोरी प्रखंड स्थित धुना पंचायत में निवासरत बिरहोर समुदाय के 28 परिवारों के आवासों के सुदृढ़ीकरण का कार्य किया जाएगा। इस परियोजना के लिए सीसीएल द्वारा ₹28,49,700/- (अट्ठाईस लाख उनचास हजार सात सौ रुपये) की राशि जिला प्रशासन, चतरा को उपलब्ध कराई जाएगी।
एमओयू पर सीसीएल की ओर से श्री संजीव कुमार, महाप्रबंधक, आम्रपाली चंद्रगुप्त क्षेत्र तथा जिला प्रशासन, चतरा की ओर से जिला खनन पदाधिकारी-सह-नोडल पदाधिकारी (CSR), श्री मनोज टोप्पो द्वारा हस्ताक्षर किए गए।
इस अवसर पर जिला प्रशासन, चतरा की ओर से उपायुक्त सुश्री कीर्तिश्री, उप-विकास आयुक्त श्री अमरेंद्र कुमार सिन्हा एवं योजना पदाधिकारी श्री शिशिर पंडित सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
यह पहल बिरहोर समुदाय को सुरक्षित एवं टिकाऊ आवास उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनके सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
सीसीएल, सीएमडी श्री निलेंदु कुमार सिंह के कुशल नेतृत्व में कंपनी सामाजिक उत्तरदायित्व के क्षेत्र में निरंतर सार्थक पहल कर रही है। उनके मार्गदर्शन में बिरहोर जैसे विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों के जीवन स्तर में सुधार हेतु आवास सुदृढ़ीकरण जैसी योजनाएं न केवल उनकी बुनियादी जरूरतों को पूरा करती हैं, बल्कि उन्हें सुरक्षित, सम्मानजनक एवं सशक्त जीवन की ओर अग्रसर करने का मार्ग भी प्रशस्त करती हैं। यह पहल दर्शाती है कि सीसीएल विकास के साथ-साथ समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों तक पहुंचने के अपने संकल्प के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
रांची, 16 अप्रैल 2026 — झारखंड उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर गुरुवार को एक अहम बैठक आयोजित की गई। अपर पुलिस महानिदेशक मनोज कौशिक ने वरीय पुलिस अधीक्षक, रांची के गोपनीय कार्यालय में इस संवेदनशील मामले की गहन समीक्षा की।
यह समीक्षा तमाड़ थाना कांड संख्या 21/26 (दिनांक 12.04.2026) से संबंधित थी, जिसमें पेपर लीक जैसे गंभीर आरोप सामने आए हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच की प्रगति पर विशेष ध्यान दिया गया।
बैठक के दौरान निम्न बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई:
अपर पुलिस महानिदेशक ने जांच टीम को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि मामले में किसी भी दोषी को बख्शा न जाए और जल्द से जल्द ठोस साक्ष्य के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
इस महत्वपूर्ण बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक रांची, पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण), पुलिस अधीक्षक (यातायात) सहित विशेष जांच दल (SIT) के सभी सदस्य मौजूद रहे।
पटना: बिहार के नए मुख्यमंत्री बनेंगे सम्राट चौधरी इसकी पुष्टि हो चुकी है, 14 अप्रैल को पटना में भारतीय जनता पार्टी विधायक दल की बैठक आयोजित हुई जहां केंद्रीय नेतृत्व के द्वारा नाम पेश किया गया इसके बाद भाजपा विधायक दल की बैठक में विधायकों ने सर्वसम्मति से फैसले पर मोहर लगा दी। मालूम के नीतीश कुमार लगभग 20 वर्षों तक बिहार के मुख्यमंत्री रहने के बाद उन्होंने 14 अप्रैल 2026 को अपने पद से इस्तीफा दे दिया । वही सम्राट चौधरी के विधायक दल के नेता बनने के बाद 15 अप्रैल को शपथ लेने की बात सामने आ रही है।
रांची। वरीय पुलिस अधीक्षक रांची को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि अरगोड़ा थाना क्षेत्र के हरमू एंव सुखदेव नगर थाना क्षेत्र के विद्यानगर इलाके में कुछ व्यक्ति मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री में संलिप्त हैं।उक्त सूचना के आधार पर पुलिस अधीक्षक नगर के निर्देशन में पुलिस उपाधीक्षक हटिया के नेतृत्व में अरगोड़ा थाना एवं सुखदेव नगर थाना के पुलिस पदाधिकारियों को शामिल करते हुए एक विशेष टीम का गठन किया गया तथा छापेमारी हेतु निर्देशित किया गया।
गठित टीम द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए अरगोड़ा थाना क्षेत्र के हरमू एवं सुखदेव नगर थाना क्षेत्र के विद्यानगर इलाके में छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री के मामले में दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से अवैध मादक पदार्थ एवं बिक्री से प्राप्त नकद राशि बरामद की गई।
इस संबंध में अरगोड़ा थाना कांड संख्या 87/26, दिनांक 12/04/2026, धारा 21(b)/22(b)/29 एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत मामला दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है।
*बरामद सामान का विवरण:*
1.ब्राउन शुगर (ब्राउन स्टोन) – 7.36 ग्राम
2.बिक्री से प्राप्त नकद राशि – ₹4,640/-
3.मोबाइल फोन – 01
4.स्कूटी (एक्टिवा) – रजिस्ट्रेशन संख्या JH01GF4158 – 01
गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण:
1.मुहम्मद सोहेल खान (उम्र 60 वर्ष), पिता – मनबबर, निवासी – आजाद हिंद नगर, भट्ठा मोहल्ला, थाना अरगोड़ा, जिला राँची।
2.दिवाकर कुमार (उम्र 26 वर्ष), पिता – हरिद्वार यादव, निवासी – मुक्तिधाम, हरमू, थाना अरगोड़ा, जिला राँची।
गिरफ्तार अभियुक्तों को माननीय न्यायालय में प्रस्तुत करने के उपरांत न्यायिक अभिरक्षा में होटवार जेल भेज दिया गया है।राँची पुलिस मादक पदार्थों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है। समाज में इस प्रकार के अपराधों पर अंकुश लगाने हेतु निरंतर अभियान चलाया जा रहा है तथा भविष्य में भी ऐसे तत्वों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
रांची। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में श्री राम जानकी तपोवन मंदिर नवनिर्माण समिति, रांची के सदस्यों ने शिष्टाचार मुलाकात की। इस अवसर पर उन्होंने मंदिर के चल रहे नवनिर्माण कार्य की प्रगति की जानकारी मुख्यमंत्री को दी और उन्हें इसका जायजा लेने के लिए मंदिर आने के लिए आमंत्रित किया। मुख्यमंत्री ने श्री राम जानकी तपोवन मंदिर के चल रहे निर्माण कार्य से संबंधित सभी पहलुओं की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने कहा की यह मंदिर हमारी आस्था का केंद्र है। यह रांची की ऐतिहासिक धरोहर है। इस मंदिर के रिनोवेशन और ब्यूटीफिकेशन का कार्य बड़े स्तर पर चल रहा है और इसमें सरकार द्वारा पूरा सहयोग दिया जाएगा। इस मंदिर को भव्य और आकर्षक बनाने के साथ यहां श्रद्धालुओं के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं होगी। उन्होंने कहा कि यह मंदिर ऐसा हो कि देश- दुनिया के श्रद्धालु दर्शन करने के यहां आएं।
वर्ष 2029 तक मंदिर का निर्माण कार्य हो जाएगा पूर्ण
राम जानकी तपोवन मंदिर नवनिर्माण समिति की ओर से मुख्यमंत्री को बताया गया कि इस मंदिर का नवनिर्माण कार्य वर्ष 2029 तक पूर्ण कर लिया जाएगा। फिलहाल फाउंडेशन तक का कार्य पूरा हो चुका है। उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि
अयोध्या में निर्मित भव्य राम मंदिर के आर्किटेक्ट आशीष सोमपुरा के निर्देशन में श्री राम जानकी तपोवन मंदिर का निर्माण कार्य हो रहा है।
मुख्यमंत्री से भेंट करने वालों में श्री राम जानकी तपोवन मंदिर के महंत ओमप्रकाश, राम जानकी तपोवन मंदिर नव निर्माण निर्माण समिति के सचिव प्रणय कुमार, सदस्य प्रवीण कुमार वर्मा, सदस्य अयोध्या दास एवं इस मंदिर के आर्किटेक्ट आशीष सोमपुरा शामिल थे।
साहेबगंज। समाहरणालय सभागार में राजमहल लोकसभा क्षेत्र के सांसद सह जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (DISHA) के अध्यक्ष विजय कुमार हांसदा की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में संचालित विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करना, उनके क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं की पहचान करना तथा संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान करना था।
बैठक में जिले के विभिन्न जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी रही। इस अवसर पर राजमहल विधायक मो0 ताजुद्दीन, बोरियो विधायक धनंजय सोरेन, पाकुड़ विधायक निसार आलम, जिला परिषद अध्यक्षा मोनिका किस्कु, जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त हेमंत सती, पुलिस अधीक्षक अमित कुमार सिंह, वन प्रमंडल पदाधिकारी प्रबल गर्ग, उप विकास आयुक्त सतीश चंद्रा, परियोजना निदेशक आईटीडीए संजय कुमार दास, अपर समाहर्ता गौतम भगत सहित विभिन्न विभागों के वरीय पदाधिकारी, DISHA समिति के सदस्य एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
बैठक के दौरान जनप्रतिनिधियों द्वारा क्षेत्रीय समस्याओं को विस्तारपूर्वक रखा गया तथा उनके समाधान हेतु आवश्यक सुझाव दिए गए। राजमहल विधायक द्वारा अनुमंडल अस्पताल में अल्ट्रासाउंड सुविधा के अभाव का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। उन्होंने बताया कि चिकित्सक के अभाव में आमजनों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस पर माननीय सांसद द्वारा DMFT मद से चिकित्सक की नियुक्ति करने का निर्देश दिया गया।
वहीं बरहेट विधायक प्रतिनिधि द्वारा यह मुद्दा उठाया गया कि जिले में नियुक्त चिकित्सक कुछ ही महीनों में त्यागपत्र देकर चले जाते हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होती हैं। इस पर सुझाव दिया गया कि चिकित्सकों की नियुक्ति में कम से कम दो वर्षों का अनिवार्य सेवा अनुबंध (एग्रीमेंट) लागू किया जाए, ताकि स्थायित्व सुनिश्चित हो सके।
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि राजमहल अनुमंडल अस्पताल में आगामी 20 अप्रैल तक अनिवार्य रूप से अल्ट्रासाउंड सेवा एवं बेड साइड ऑक्सीजन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में संबंधित विभागों को त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
पाकुड़ विधायक द्वारा अपने क्षेत्र में अल्ट्रासाउंड एवं महिला चिकित्सकों की अनुपलब्धता का मुद्दा उठाया गया। उन्होंने कहा कि इससे विशेष रूप से महिला मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इस पर माननीय सांसद ने राज्य स्वास्थ्य विभाग को पत्राचार कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
जल जीवन मिशन के अंतर्गत सोलर पंपों की मरम्मत को लेकर भी चर्चा की गई। माननीय सांसद ने बताया कि पूर्व में दिए गए निर्देश के अनुपालन में जिले में तीन मरम्मती केंद्र स्थापित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त उन्होंने निर्देश दिया कि सभी क्षेत्रों में खराब पड़े चापाकल, बोरिंग एवं जलमीनार का सर्वे कर रिपोर्ट तैयार की जाए, ताकि उनकी शीघ्र मरम्मत कराई जा सके और पेयजल आपूर्ति सुचारू हो सके।
जरेडा (JREDA) द्वारा स्थापित सोलर लाइटों के खराब होने का मुद्दा भी बैठक में उठाया गया। राजमहल विधायक ने जानकारी दी कि जिले में बड़ी संख्या में सोलर लाइट खराब पड़ी हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में अंधेरा छाया रहता है। इस पर संबंधित विभाग को सभी खराब सोलर लाइटों की मरम्मत शीघ्र कराने का निर्देश दिया गया।
पाकुड़ विधायक द्वारा कोटालपोखर क्षेत्र के श्रीकुंड में अतिक्रमण का मुद्दा उठाया गया। इस पर प्रशासन को अतिक्रमण हटाने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया, ताकि सार्वजनिक भूमि का उपयोग जनहित में किया जा सके।
वहीं बरहेट विधायक प्रतिनिधि द्वारा शहर में बढ़ती यातायात जाम की समस्या को देखते हुए ग्रीन होटल से बांटा रोड तक स्थित स्ट्रीट वेंडरों को वैकल्पिक स्थान पर स्थानांतरित करने का सुझाव दिया गया। इस पर प्रशासन को समुचित योजना बनाकर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया, ताकि शहर में यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रहे।
बैठक के दौरान सांसद ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता एवं गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए तथा समयबद्ध तरीके से कार्यों को पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना ही प्रशासन का मुख्य उद्देश्य होना चाहिए।
अंत में सांसद ने सभी अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों को समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया, ताकि जिले के समग्र विकास को गति दी जा सके।
मौके पर सभी जिला स्तरीय पदाधिकारी, विभागीय अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
