सीवान: बिहार पुलिस अपराधियों पर लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। रविवार अहले सुबह सीवान जिले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व भाजपा एमएलसी मनोज सिंह के भांजे हर्ष सिंह हत्याकांड के मुख्य आरोपी सोनू यादव को मुठभेड़ में मार गिराया।
बताया जा रहा है कि 29 अप्रैल को भाजपा नेता व पूर्व एमएलसी मनोज सिंह के भांजे हर्ष सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस सनसनीखेज वारदात के बाद से पुलिस लगातार मुख्य आरोपी सोनू यादव की तलाश में जुटी थी।
रविवार सुबह पुलिस को आरोपी के ठिकाने की गुप्त सूचना मिली। इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी की। खुद को घिरता देख आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उसे ढेर कर दिया।
इस एनकाउंटर के बाद इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
रांची। अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड, रांची स्थित मुख्यालय के गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर के संगम सभागार में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दरभंगा हाउस परिसर स्थित शहीद स्मारक पर वीर शहीद कोल कर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए हुई।
सीसीएल के सीएमडी निलेंदु कुमार सिंह के नेतृत्व में निदेशकगण- पवन कुमार मिश्रा (वित्त), हर्ष नाथ मिश्र (मानव संसाधन), श्री चंद्र शेखर तिवारी (तकनीकी/ऑपरेशन), अनुप हंजुरा (परियोजना एवं योजना), पंकज कुमार (मुख्य सतर्कता अधिकारी), क्षेत्रीय महाप्रबंधकों, मुख्यालय के महाप्रबंधक, विभागाध्यक्ष, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने शहीदों को नमन करते हुए उनके योगदान को स्मरण किया।
निलेंदु कुमार सिंह, सीएमडी, सीसीएल ने नवनिर्मित वर्किंग वॉशरी मॉडल का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने वॉशरी मॉडल से सम्बंधित कई प्रश्न किए और जानकारियां भी साझा की।
इसके पश्चात सभी ने अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस थीम पर बने एक सेल्फी पॉइंट पर समूह चित्र भी खिंचवाया, जो आकर्षण का केंद्र बना रहा। उपस्थित लोगों ने उत्साहपूर्वक इसमें भाग लेते हुए यादगार तस्वीरें खिंचवाईं।
इसके पश्चात सीसीएल सभागार में सीआईएल कॉरपोरेट गीत के साथ दीप प्रज्वलन कर मुख्य कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया, जिसमें सभी श्रमिक संगठन के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
अपने संबोधन में सीएमडी श्री निलेंदु कुमार सिंह ने सभी कर्मियों को श्रमिक दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि जब हम वातानुकूलित सभागार में कार्यक्रम कर रहे हैं, उसी समय हमारे कोल योद्धा खदानों में कार्यरत हैं और देश की ऊर्जा आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए कठिन परिस्थितियों में भी अपना योगदान दे रहे हैं, उन्हें मेरा सादर प्रणाम।
उन्होंने जानकारी दी कि बी एंड के, बरका-सयाल एवं अरगडा क्षेत्र ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक सर्वाधिक उत्पादन दर्ज किया है। इसके अतिरिक्त कंपनी ने भूमि के बदले 216 रोजगार प्रदान किए हैं तथा राजहरा ओपन कास्ट परियोजना का पुनः संचालन प्रारंभ किया गया है। उन्होंने पर्यावरण, सीएसआर एवं अन्य क्षेत्रों में कंपनी की उपलब्धियों पर भी प्रकाश डाला।
इसके अलावा सभी निदेशकगण, सीवीओ सर, जेसीएससी के केंद्रीय सचिव ने सभा को संबोधित किया। सभी ने श्रमिकों के समर्पण, साहस और उनके बलिदान को याद किया तथा कंपनी और देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए कर्मियों को पूर्ण निष्ठा के साथ कार्य करने की बात कही।
इस अवसर पर ट्रेड यूनियन प्रतिनिधि, सीएमओएआई, जेसीएससी, सेफ्टी बोर्ड, कल्याण विभाग, एसटी/एससी/ओबीसी काउंसिल, प्रेस प्रतिनिधि, महाप्रबंधक, विभागाध्यक्ष, अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रम:
कार्यक्रम के दौरान डी ए वी स्कूल के बच्चों द्वारा गणेश वंदना, गायन तथा आशा भोसले को समर्पित नृत्य प्रस्तुतियों ने वातावरण को भावपूर्ण बना दिया और सांस्कृतिक विविधता को मंच पर सजीव रूप में प्रस्तुत किया।
सीसीएल का ताऊ” – एआई अवतार हुआ लॉन्च
श्रमिक दिवस के अवसर पर एआई अवतार “सीसीएल का ताऊ” लॉन्च किया गया। सीसी एंड पीआर विभाग के विभागाध्यक्ष श्री आलोक कुमार गुप्ता ने बताया कि यह सीसीएल का AI अवतार कंपनी की नीतियों, परियोजनाओं एवं उपलब्धियों की जानकारी रोचक तरीकों से साझा करने का माध्यम बनेगा।
‘उत्कर्ष’ पत्रिका का लोकार्पण:
कार्यक्रम में सीसीएल की वार्षिक पत्रिका ‘उत्कर्ष’ का लोकार्पण किया गया, जिसमें वित्तीय वर्ष 2025-26 की प्रमुख उपलब्धियों एवं कर्मचारियों की रचनात्मक अभिव्यक्तियों को स्थान दिया गया है।
पुरस्कार वितरण समारोह:
समारोह के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों एवं एरिया इकाइयों को सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनकी निष्ठा, परिश्रम एवं संगठन के प्रति समर्पण का प्रतीक है।
महाप्रबंधक (पी एंड आईआर) प्रतुल कुमार ने कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु सभी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए श्रम शक्ति के महत्व पर प्रकाश डाला।
ब्यूरो। पूरी दुनिया, जबलपुर में हुए दर्दनाक क्रूज हादसे में एक मां और बच्चे की इस तस्वीर ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। फिल्म टाइटैनिक में डूबते जहाज की जो तस्वीर दिखाई गई जहां एक प्रेमी और प्रेमिका की तस्वीर लोगो की आंखे नम कर देती है । लेकिन आज उससे सैकड़ों गुना दर्दनाक तस्वीर अपने बच्चे के प्रति मां का प्यार का चेहरा सामने आए वह काफी विचलित करने वाला है,जिसने भी इस तस्वीर को अपने आंखों से देखा, उसकी आंखें अपने आशु को रोक नहीं पाई,मौत के मंजर के बीच एक मां ने अपने बच्चे को बचाने के लिए हर वह प्रयास किया जहां अपने बच्चे को सीने से लगाए अपनी मौत की परवाह किए बैगर,जबकि उनकी मां लाइफ जैकेट पहनी थी और अपना जान बचा सकती थी लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था. वही जब बचाव दल के सदस्यों ने मां बच्चे के शव को निकाल रही थी तो वह निकाल नहीं पा रहे थे क्योंकि एक मां ने अपने सीने से लगाए बच्चे को इस प्रकार से जकड़े हुए थी वह मरने के बाद भी अपने बच्चे को छोड़ नहीं रही थी और जब बचाव दल के द्वारा मां और बच्चे को जब बाहर निकाला जाता है तब जो तस्वीर सामने आती है काफी विचलित, दर्दनाक और लोगों की आंखे नम करने वाली होती है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के वक्त एक मां अपनी छोटी बच्ची को कसकर सीने से लपेटे रही ताकि उसे किसी भी तरह की चोट न पहुंचे। पानी और चीख-पुकार के बीच मां अपनी बच्ची की सुरक्षा के लिए डटी रही।
इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मां अपने बच्चे के लिए हर मुश्किल से लड़ सकती है। हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं और क्रूज संचालन में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।ममता की यह तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और लोग मां के साहस को सलाम कर रहे हैं।
जबलपुर. मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित बरगी डैम के बैकवॉटर में हुए क्रूज हादसे के बाद से लगातार रेस्क्यू व सर्च ऑपरेशन जारी है. एसडीईआरएफ, एनडीआरएफ के साथ अब भारतीय सेना की टीमें रेस्क्यू ऑपरेशन में मदद कर रही हैं. हैदराबाद से सेना व कोलकाता से पैरामिलिट्री की टीमें भी पहुंची हैं. दोपहर तक 29 लोगों को बचाया जा चुका है और 9 के शव मिल चुके हैं लेकिन 4 लोग लापता हैं. क्रूज में तमिलनाडु का एक पूरा परिवार सवार था, जो जबलपुर के खमरिया क्षेत्र में रहता था और उनके कई परिजन तमिलनाडु से आए थे. वहीं, हादसे में बची दिल्ली की पर्यटक और 11 साल के जाफर ने बताया कि क्रूज तूफान के दौरान पानी घुसने से डूबा.
रांची: झारखंड सरकार के वित्त विभाग (कोषागार एवं सांख्यिक वित्त निदेशालय) ने राज्य के विभिन्न जिलों के कार्यालयों में वेतन मद से कोषागार के माध्यम से हो रही अवैध निकासी के मामलों को गंभीरता से लेते हुए सख्त निर्देश जारी किया है।
मुख्य सचिव की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि कई कार्यालयों में कर्मचारी विवरण में छेड़छाड़, फर्जी दस्तावेजों के आधार पर निकासी तथा राशि को अन्य खातों में ट्रांसफर किए जाने जैसी गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं।
इन गड़बड़ियों को रोकने और वित्तीय व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सरकार ने वित्तीय कार्यों से जुड़े वरिष्ठ लेखा सहायक, लेखा सहायक, लेखा अधीक्षक, लेखापाल और विपत्र लिपिक जैसे कर्मियों के लिए एक ही कार्यालय में 3 वर्ष से अधिक पदस्थापन होने पर अनिवार्य स्थानांतरण का निर्देश दिया है।
साथ ही, संविदा और एकमुश्त मानदेय पर कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटरों को वित्तीय कार्यों से दूर रखने को कहा गया है।
विभाग ने सभी अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव एवं उपायुक्तों को निर्देश दिया है कि इस आदेश के अनुपालन की विस्तृत रिपोर्ट 30 मई 2026 तक वित्त विभाग को उपलब्ध कराई जाए।
रांची: मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में 28 अप्रैल 2026 को आयोजित झारखंड मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगी। बैठक में कर्मचारियों की पेंशन, रांची के ट्रैफिक समाधान, शिक्षा, तकनीक और छात्रों की विदेश पढ़ाई से जुड़े बड़े निर्णय लिए गए।
रांची को मिली ट्रैफिक जाम से राहत
कैबिनेट ने राजधानी रांची में दो बड़े फ्लाईओवर निर्माण को मंजूरी दी है।
पहला फ्लाईओवर अरगोड़ा चौक से हरमू होते हुए डिबडीह ब्रिज तक बनेगा, जिसकी लागत करीब 469.62 करोड़ रुपये होगी।
दूसरा फ्लाईओवर करमटोली से साइंस सिटी तक बनेगा, जिस पर 351.14 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
दैनिक वेतनभोगी कर्मियों को बड़ी राहत
हाईकोर्ट और लोक अदालत के आदेशों के आलोक में जिन कर्मियों की नियमित सेवा 10 वर्ष से कम है, उनकी दैनिक वेतनभोगी अवधि को भी जोड़कर पेंशन और अन्य लाभ देने की स्वीकृति दी गई।
झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा नियमावली-2026 को मंजूरी
राज्य में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को व्यवस्थित करने के लिए झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा नियमावली-2026 को घटनोत्तर स्वीकृति दी गई।
Google LLC के साथ होगा AI MoU
राज्य में Artificial Intelligence Innovation और Adoption को बढ़ावा देने के लिए के साथ MoU करने की मंजूरी दी गई।
विदेश में पढ़ाई के लिए छात्रवृत्ति
SC, ST, OBC और अल्पसंख्यक वर्ग के कुल 50 प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को हर वर्ष विदेश के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में एक वर्षीय मास्टर्स के लिए छात्रवृत्ति दी जाएगी।
स्कूल शिक्षा और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा
- State School Standard Authority के गठन को मंजूरी
- GEC Palamu Innovation and Incubation Centre Foundation की स्थापना
- 4 सेंटर ऑफ एक्सीलेंस शुरू होंगे
अन्य बड़े फैसले
- मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं ग्राम सेतु योजना को मंजूरी
- श्री बंशीधर नगर अनुमंडल का नाम बदलकर श्री बंशीधर नगर उंटारी किया जाएगा
- कई लंबित सेवा नियमितीकरण मामलों को स्वीकृति
भागलपुर/सुल्तानगंज: बिहार राज्य के भागलपुर जिले के सुल्तानगंज में नगर परिषद कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण की हत्या के बाद पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने इस चर्चित हत्याकांड के कथित मास्टरमाइंड रामाधीन यादव को एनकाउंटर में मार गिराया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, नगर परिषद उपाध्यक्ष नीलम देवी का पति रामाधीन यादव इस पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड बताया जा रहा था। बताया जा रहा है कि पुलिस को उसके ठिकाने की गुप्त सूचना मिली थी, जिसके बाद बुधवार सुबह-सुबह उसे पकड़ने के लिए छापेमारी की गई।
जानकारी के मुताबिक, पुलिस टीम को देखते ही रामाधीन यादव ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी मोर्चा संभाला और हुई मुठभेड़ में वह ढेर हो गया।
गौरतलब है कि कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण की हत्या के बाद पूरे सुल्तानगंज समेत भागलपुर जिले में सनसनी फैल गई थी। इस मामले को लेकर प्रशासन पर लगातार दबाव था कि मुख्य साजिशकर्ताओं को जल्द गिरफ्तार किया जाए। अब पुलिस की इस कार्रवाई को हत्याकांड में बड़ा ब्रेकथ्रू माना जा रहा है।
हालांकि, पुलिस प्रशासन की ओर से एनकाउंटर को लेकर विस्तृत आधिकारिक बयान का इंतजार है। पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और मामले की जांच तेज़ी से जारी है। मालूम हो की 28 अप्रैल शाम 4:00 बजे के आसपास टेंडर विवाद में कार्यपालक पदाधिकारी और सभापति को चेंबर में घूस कर गोली मार दी गई थी।
राँची/ बजरंग दल झारखण्ड प्रान्त के प्रान्त संयोजक रंगनाथ महतो ने एक प्रेस बयान जारी कर कहा है कि विगत दिनों राँची के धुर्वा स्थित प्रदेश के प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ स्वामी मन्दिर गर्भ गृह के प्रहरी बिरसा मुंडा के तीन हत्यारों को राँची जिला प्रशासन ने गिरफ्तार कर लिया है तथा एक हत्यारे की सघन तलाश की जा रही है। प्रशासन शीघ्र हत्या की पुरी गुथी सुलझाय। साथ ही मृतक के एक आश्रित को सरकारी नौकरी एवं परिवार को उचित मुआवजा देकर ढाढ़स बंधाए। आगे प्रान्त संयोजक रंगनाथ महतो ने कहा कि कुछ लोग मृतक बिरसा मुंडा की लाश पर राजनीति कर अपना चेहरा चमकाने की कोशिश कर रहे हैं। हिन्दू संगठनों के खिलाफ अनर्गल बयान दे रहे हैं रहे हैं जो उचित नहीं है। हमारा काम सभी प्राचीन भारतीय समाज को, सभी प्रकृति पूजक समाज को जोड़ने का है, तोड़ने का नहीं। चुंकि घटना प्रदेश के प्रसिद्ध हिन्दू मन्दिर और मृतक मुंडा जनजाति समाज की बात है इसलिए इसे चर्च प्रेरित नेताओं व नेत्रियों द्वारा हवा देने की कोशिश की जा रही है। ताकि इनकी सरना और सनातन के बीच विद्वेष फैलाने की मंसा पूर्ण हो सके। परन्तु दुःख के इस कठिन समय में पूरा हिन्दू समाज मृतक के परिवार जनों के साथ खड़ा है। और इनके किसी भी षडयंत्र का शिकार सरना सनातन धर्मवालम्बी कभी नहीं होंगे।
सोनाहातु/पताराहातु: प्रखंड क्षेत्र के पताराहातु में झारखंड आंदोलन के इतिहास को सहेजने की दिशा में एक सराहनीय पहल शुरू की गई है। समाजसेवी हिमांशु कुमार ने अपने फेसबुक पोस्ट के माध्यम से जानकारी देते हुए बताया कि स्वर्गीय अनिल महतो एवं स्वर्गीय लक्ष्मी सिंह मुंडा की प्रतिमा स्थापित करने की योजना बनाई गई है।
उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य झारखंड आंदोलन के योगदानकर्ताओं को सम्मान देना और नई पीढ़ी को उनके संघर्षों से परिचित कराना है। प्रतिमा स्थापना के माध्यम से स्थानीय लोगों में इतिहास के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और आंदोलन से जुड़े महान व्यक्तित्वों की स्मृति को जीवंत रखा जा सकेगा।
हिमांशु कुमार ने सिल्ली विधानसभा क्षेत्र के पुराने एवं वर्तमान साथियों से अपील की है कि वे इस पुनीत कार्य में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने इसे केवल प्रतिमा स्थापना नहीं, बल्कि झारखंड के गौरवशाली इतिहास को संजोने का एक सामूहिक प्रयास बताया।
स्थानीय ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी इस पहल का स्वागत किया है। उनका मानना है कि इस तरह के प्रयासों से सामाजिक एकता को बल मिलेगा और आने वाली पीढ़ियां अपने क्षेत्र के नायकों से प्रेरणा ले सकेंगी।
प्रतिमा स्थापना को लेकर जल्द ही एक बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें आगे की रणनीति तय की जाएगी। इस कार्य को सफल बनाने के लिए सभी वर्गों के लोगों से सहयोग की अपेक्षा की जा रही है।
रांची । धुर्वा थाना अंतर्गत जगरनाथपुर मंदिर में सुरक्षा कर्मी बिरसा मुंडा की संदेहास्पद हत्या को लेकर जनजाति सुरक्षा मंच ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। मंच ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और उन्हें फांसी की सजा देने की मांग की है।
मंच के प्रदेश मीडिया प्रभारी सोमा उरांव ने कहा कि राज्य में अब मंदिर और उनकी सुरक्षा में लगे कर्मी भी सुरक्षित नहीं हैं, जो अत्यंत चिंताजनक स्थिति है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से मांग की है कि इस मामले में अविलंब कार्रवाई करते हुए अपराधियों को गिरफ्तार कर फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई के माध्यम से कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
वहीं, सन्नी टोप्पो ने कहा कि मंदिर समिति और प्रशासन को मिलकर पीड़ित परिवार को तत्काल उचित मुआवजा प्रदान करना चाहिए। साथ ही मंदिर प्रबंधन समिति को पीड़ित परिवार की जिम्मेदारी भी लेनी चाहिए।
मंच ने चेतावनी दी है कि यदि मामले में जल्द कार्रवाई नहीं होती है, तो जनजाति सुरक्षा मंच व्यापक जन प्रदर्शन करेगा।
रांची। झारखंड की ग्रामीण महिलाएं आने वाले समय में हर एक क्षेत्र में लीडर की भूमिका में होंगी . ग्रामीण महिलाओं के अंदर लीडरशिप क्वालिटी डेवलप करने के लिहाज से राज्य सरकार साइलेंट वर्क कर रही है . सरकार का उद्देश्य महिलाओं को सिर्फ लाइवलीहुड तक सीमित रखना नहीं है बल्कि उन्हें प्रतिस्पर्धा के इस दौर में दूसरों के समक्ष खड़ा करना है . उपरोक्त बाते राज्य की ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने राजधानी रांची में JSLPS के द्वारा आयोजित ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण पर आयोजित राउंड टेबल मीटिंग में कही . राउंड टेबल मीटिंग में राज्य भर से सफल , संघर्षशील और अपनी स्वतंत्र पहचान बनाने में कामयाब महिलाओं ने बतौर प्रतिनिधि हिस्सा लिया . इस मौके पर प्रख्यात शिक्षाविद् एवं लैंगिक समानता विशेषज्ञ डॉ पाम राजपूत , कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत , कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की , विधायक लुईस मरांडी , विधायक श्वेता सिंह , पद्मश्री चामी मुर्मू , पद्मश्री छूटनी महतो , रमा खलखो , दयामनी बारला ने विशेष रूप से संबोधित किया .
ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण पर आयोजित राउंड टेबल मीटिंग में महिला प्रतिनिधियों ने झारखंड में प्रभावशाली महिला नीति के निर्धारण का मुद्दा जोर शोर से उठाया . इस मौके पर मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि आज राज्य में SHG के तहत 32 लाख महिलाएं जुड़ कर अपने परिवार के साथ समाज का भविष्य गढ़ने में लगी है . JSLPS का ये पहल महिला सशक्तिकरण की दिशा में मिल का पत्थर साबित हो रहा है . आज जरूरत समाज में शिक्षित महिलाओं का प्रतिशत बढ़ाने की है . मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि स्वास्थ्य , सुरक्षा , शिक्षा और सामाजिक बदलाव की दिशा में महिलाओं के लिए बहुत कुछ करना अभी बाकी है . राज्य सरकार इस दिशा में काम कर रही है . क्रेडिट लिंकेज की मदद से समूह से जुड़ी महिलाएं स्वरोजगार के क्षेत्र में बेहतर काम कर रहीं है . आज बाजार में महिलाओं के द्वारा तैयार उत्पाद की मांग ही नहीं बढ़ी है बल्कि उनके उत्पाद अब ब्रांड बन चुके है . बिरसा हरित ग्राम योजना ने झारखंड में नया कीर्तिमान स्थापित किया है . पर्यावरण संतुलन और सुरक्षा को लेकर लोग एक वृक्ष लगाने की बात करते है पर गांव की महिलाओं ने इस योजना के तहत पौने तीन करोड़ वृक्ष लगाने में सफलता अर्जित की है . झारखंड की महिलाएं कहीं से भी किसी से कम नहीं है . ये उन्होंने साबित कर दिया है . इस लिए राज्य में एक ऐसी महिला नीति बनाने की जरूरत है जिसका आउटकम दिखे . मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि पेसा नियमावली में महिलाओं के अधिकार को सुनिश्चित किया गया है . ग्राम सभा में सहायक सचिव के पद पर महिलाओं की प्राथमिकता देने पर मुहर लगी है और इसका लाभ महिलाओं को मिलना शुरू भी हो गया है .
गांव की महिलाओं में नेचुरल लीडरशिप क्वालिटी - सुप्रिया श्रीनेत
कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने राउंड टेबल मीटिंग को संबोधित करते हुए कहा कि आज देश की आधी आबादी अपने अधिकार और आरक्षण के लिए लड़ रहीं है . ऐसे समय में ये आयोजन समय के अनुकूल है . महिला सशक्तिकरण की जब बात होती है तो शहर और गांव की महिलाओं को देखने - परखने का नजरिया बदलना होगा . इन दोनों में कई तरह की भिन्नताएं है . पढ़ी लिखी महिलाएं और गांव में गृहस्थ जीवन जी रही महिलाओं में अंतर है . सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि ग्रामीण महिलाओं के अंदर नेचुरल लीडरशिप क्वालिटी है . बस उन्हें परखने और उन्हें आगे बढ़ने में सरकार के साथ समाज को सहयोग करना होगा . ये एक बेहतर व्यवस्था है जिसमें समाज और संस्कृति दोनों संरक्षित रहेंगी.
इस दौर में भी अकेली महिला को देख लोग करते है सवाल - डॉ पाम राजपूत
प्रख्यात शिक्षाविद् एवं लैंगिक समानता विशेषज्ञ डॉ पाम राजपूत ने अपने संबोधन में कहा कि आज के इस दौर में अकेली महिला को लेकर सवाल पूछने पर आश्चर्य होता है . क्या अकेली महिला खुद के लिए काफी नहीं है . उन्होंने कहा कि जब हम ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण पर चर्चा कर रहे है तब झारखंड में महिला नीति का नहीं होना , हमें इस ओर कदम बढ़ाने के लिए प्रेरित करता है . झारखंड में महिलाओं को लेकर कैसी नीति बने इस पर सरकार और समाज को पहल करना चाहिए . इसके साथ ही महिला नीति को लेकर पंचायत तक चर्चा करना जरूरी है .ग्रामीण महिलाओं को केंद्र बिंदु में रख कर ही झारखंड जैसे प्रदेश के लिए प्रभाशाली नीति तैयार हो सकती है .
छूटनी महतो और चामी मुर्मू ने साझा किया अनुभव
पद्मश्री छूटनी महतो और पद्मश्री चामी मुर्मू ने राउंड टेबल मीटिंग में अपने अनुभव को साझा किया . पद्मश्री छूटनी महतो ने कहा कि डायन बिसाही के खिलाफ अब तक 15 सौ से ज्यादा महिलाओं को न्याय दिलाने के साथ उन्हें इस लड़ाई में जोड़ चुकी है . जब कोई बहू अपनी सास को डायन कहती है तो उन्हें दुख होता है . कोई डायन नहीं होता ये सिर्फ और सिर्फ दिमागी बीमारी और किसी बड़े षडयंत्र का हिस्सा होता है . क्या कोई सुंदर महिला डायन हो सकती है . पद्मश्री चामी मुर्मू ने पर्यावरण को बचाने और खुद का जीवन बढ़ाने का संदेश दिया . उन्होंने कहा कि जब उन्होंने इसकी शुरुआत की थी तब ये नहीं सोचा था कि इसे बड़ी सफलता में बदल पाएंगी . वृष काटने के खिलाफ उनकी एक कोशिश ने समय के साथ आंदोलन का रूप ले लिया .
राउंड टेबल मीटिंग में मंत्री और विधायक भी हुई शामिल
ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण पर आयोजित राउंड टेबल मीटिंग को राज्य की कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की , विधायक लुईस मरांडी एवं विधायक श्वेता सिंह ने संबोधित किया . सभी ने झारखंड के ग्रामीण महिलाओं के अंदर क्षमता को उनकी सफलता का मंत्र माना . जनप्रतिनिधियों ने कहा कि झारखंड में राज्य की हेमंत सोरेन सरकार राज्य की महिलाओं के स्वावलंबन और सशक्तिकरण के लिए कई तरह की योजनाएं का संचालन कर रही है . महिलाओं के खाते में राशि का जाना उनके लिए वरदान साबित हो रहा है . राज्य में संचालित योजनाओं के प्रति जागरूकता भी बेहद जरूरी है .
ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण को लेकर राउंड टेबल मीटिंग में शिक्षा , स्वास्थ्य , पत्रकारिता , पंचायत , सामाजिक संगठन , उद्यमी , SHG सहित दूसरे क्षेत्र से जुड़ी महिलाओं ने अपना सुझाव दिया . कार्यक्रम में पंचायती राज निदेशक बी राजेश्वरी , लेनी जाधव , अदिति कपूर , प्रियंका त्रिपाठी , तन्वी झा , शीला मतंग, श्रीकांत राउत, डॉ दिव्या सिंह , डॉ मनीषा किरण , विष्णु परिदा , अजय श्रीवास्तव , पूर्णिमा मुखर्जी , मीनाक्षी प्रकाश , ज्योत्सना सहित अन्य ने अपना सुझाव साझा किया ।
