कांके, हजारीबाग, उरीमारी और टंडवा में फायरिंग की घटनाओं में शामिल होने का आरोप; मुठभेड़ में एक अपराधी घायल
रांची । रांची पुलिस ने कुख्यात राहुल दुबे गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से चार पिस्टल, आठ जिंदा कारतूस, पांच मैगजीन, छह मोबाइल फोन, एक कार और एक पल्सर मोटरसाइकिल बरामद की गई है। पुलिस के अनुसार, आरोपी कांके, हजारीबाग के ए.के. इंटरनेशनल होटल, उरीमारी और टंडवा में हुई फायरिंग की घटनाओं में शामिल रहे हैं।
रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, 30 अक्टूबर को पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि राहुल दुबे गिरोह के कुछ अपराधी कार से रिंग रोड क्षेत्र में घूम रहे हैं और किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं। सूचना के आधार पर पुलिस अधीक्षक नगर और पुलिस अधीक्षक ग्रामीण के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई।
टीम ने कांके रिंग रोड क्षेत्र में संदिग्ध कार को रोककर उसमें सवार चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान उनके पास से हथियार, गोली, मैगजीन और मोबाइल फोन बरामद हुए। पूछताछ में आरोपियों के गिरोह से जुड़े होने और विभिन्न फायरिंग की घटनाओं में संलिप्तता की जानकारी मिली।
पुलिस पर फायरिंग, एक आरोपी घायल
गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने गिरोह के एक अन्य सदस्य की गिरफ्तारी के लिए सीठियो क्षेत्र में छापेमारी की। इस दौरान एक आरोपी ने पुलिस को निशाना बनाकर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में सौरभ कुमार नामक आरोपी के पैर में गोली लगी। उसे इलाज के लिए रिम्स, रांची भेजा गया है। उसके पास से एक पिस्टल, गोली और मोबाइल फोन बरामद किया गया।
हथियार सप्लायर भी गिरफ्तार
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर गिरोह को हथियार उपलब्ध कराने के आरोप में जियाउल हबीब को भी गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर एक पिस्टल, जिंदा कारतूस और मोबाइल फोन बरामद किए गए।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
- आदित्य कुमार राम उर्फ कुंदन, निवासी धुर्वा, रांची।
- मोहित पासवान, निवासी चुटिया, रांची।
- ऋषभ कुमार, निवासी विधानसभा क्षेत्र, रांची।
- गुड्डू मिश्रा, निवासी मरार, रामगढ़।
- सौरभ कुमार, निवासी धुर्वा, रांची (इलाजरत)।
- जियाउल हबीब, निवासी डोरंडा, रांची।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में कई के खिलाफ पहले से आपराधिक मामले दर्ज हैं। इस मामले में धुर्वा थाना कांड संख्या 285/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता और आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है।
रांची पुलिस ने कहा है कि संगठित अपराध, अवैध हथियारों के इस्तेमाल और आपराधिक गतिविधियों में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड मुख्यालय, दरभंगा हाउस, रांची में 31 अक्टूबर, 2026 को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मियों के सम्मान में विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्यालय से सेवानिवृत्त हो रहे 9 कर्मियों को सम्मानपूर्वक विदाई दी गई। इसके साथ ही, सीसीएल के विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत सेवानिवृत्त कर्मियों को भी उनके-अपने क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से ससम्मान विदा किया गया। इस प्रकार, सीसीएल मुख्यालय एवं विभिन्न क्षेत्रों से सेवानिवृत्त हुए कुल 115 कर्मियों को गरिमापूर्ण विदाई दी गई।
समारोह के दौरान सीसीएल मुख्यालय में एक लघु फिल्म का भी प्रदर्शन किया गया, जिसमें सेवानिवृत्त कर्मियों ने अपने सेवाकाल के अनुभव, भावनाएं एवं स्मृतियां साझा कीं।
मुख्यालय से सेवानिवृत्त होने वाले कर्मियों के नाम इस प्रकार हैं- संजय कुमार, मुख्य प्रबंधक (वित्त), निदेशक (मा.सं.), वित्त विभाग; डॉ. निखिल प्रसाद सिन्हा, मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, गांधीनगर अस्पताल; काशीनाथ यादव, कार्यालय अधीक्षक, ग्रेड-A1, प्रशासन विभाग; कंचन पाटीदार, कार्यालय अधीक्षक, ग्रेड-A1, कल्याण एवं सेवाएं (असैनिक) विभाग; अब्दुल कादिर, पर्यवेक्षक (दूरसंचार), गांधीनगर अस्पताल; जोयजीत बोस, कार्यालय अधीक्षक, ग्रेड-A, निदेशक (मा.सं.), वित्त विभाग; ज्योत्सना झा, लेखा लिपिक, ग्रेड-I, वित्त (सी.एफ.सी.) विभाग; कैलाश उरांव, आदेशपाल, राजभाषा विभाग एवं गलुवा, कैट-II, गांधीनगर अस्पताल।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा एवं निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र उपस्थित रहे।
इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा ने सेवानिवृत्त हो रहे कर्मियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि किसी भी संस्थान की प्रगति में उसके कर्मियों की मेहनत, ईमानदारी एवं समर्पण की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्त कर्मियों ने अपने सेवाकाल के दौरान अपने अनुभव एवं कार्यकुशलता से सीसीएल के विकास में योगदान दिया है। उन्होंने सभी सेवानिवृत्त कर्मियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए उनके स्वस्थ, सुखद एवं समृद्ध जीवन की कामना की।
निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र ने अपने संबोधन में कहा कि सेवानिवृत्ति किसी कर्मचारी के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, जो वर्षों की सेवा, अनुभव और समर्पण की यात्रा को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि कर्मियों का योगदान किसी भी संस्थान की वास्तविक ताकत होता है और उनके अनुभव एवं कार्य के प्रति प्रतिबद्धता सदैव प्रेरणादायी रहेगी। उन्होंने सेवानिवृत्त हो रहे सभी कर्मियों को नई जीवन-यात्रा के लिए शुभकामनाएं देते हुए उनके एवं उनके परिवारों के उत्तम स्वास्थ्य, सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
समारोह में विभिन्न विभागों के महाप्रबंधक, विभागाध्यक्ष, अधिकारीगण, कर्मचारी तथा सेवानिवृत्त कर्मियों के परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस अवसर पर सभी सेवानिवृत्त कर्मियों को शॉल, पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानपूर्वक विदाई दी गई।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड मुख्यालय, रांची स्थित गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर के प्रांगण में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर दिनांक 31 अक्टूबर, 2026 को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा, निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र एवं निदेशक (योजना एवं परियोजना) अनुप हंजुरा बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महाप्रबंधकगण, अधिकारीगण एवं कर्मचारीगण शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंभ वंदे मातरम् एवं कोल इंडिया गीत के साथ हुआ। इसके पश्चात उपस्थित कोलकर्मियों एवं हितधारकों ने सरदार वल्लभभाई पटेल की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।
वहीं, निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र ने उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई।
इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा ने अपने संबोधन में कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का जीवन राष्ट्र के प्रति समर्पण, दृढ़ इच्छाशक्ति और एकता का अद्भुत उदाहरण है। उन्होंने देश की एकता एवं अखंडता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके विचार और आदर्श आज भी हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने सभी से आपसी सहयोग, समर्पण एवं सामूहिक प्रयासों के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के उपरांत निदेशकगण के नेतृत्व में एकता मार्च निकाला गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में सीसीएल कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस मार्च के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, अखंडता एवं आपसी सद्भाव का संदेश दिया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
सिक्योर वे कंस्ट्रक्शन ने ग्रामीण कार्य विभाग के मुख्य अभियंता को पत्र लिखकर मां लक्ष्मी इंटरप्राइजेज की निविदा की जांच की मांग की
रांची/ धनबाद। ग्रामीण कार्य विभाग, धनबाद के अंतर्गत घारपार ब्राम्होला घारबर शिवमंदिर तक 2.200 किलोमीटर सड़क के सुदृढ़ीकरण कार्य की निविदा को लेकर विवाद सामने आया है। सिक्योर वे कंस्ट्रक्शन के ओपी शर्मा ने विभाग के मुख्य अभियंता को पत्र लिखकर निविदा संख्या 16/RWD/DHANBAD/2025-26 में कथित अनियमितताओं की जांच कराने और उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
कंपनी के ओपी शर्मा की ओर से दिए गए पत्र में आरोप लगाया गया है कि मां लक्ष्मी इंटरप्राइजेज द्वारा निविदा प्रक्रिया में कई त्रुटियां की गई हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार, निविदा के साथ प्रस्तुत आईटीआर, जीएसटी और शपथ पत्र में अलग-अलग स्थानों पर जानकारी दी गई है। इसके अलावा, कार्य कार्यक्रम में भी कथित तौर पर गलत विवरण प्रस्तुत किए गए हैं।
पत्र में बैंक प्रमाणपत्र को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। शिकायतकर्ता ने बैंक प्रमाणपत्र की सत्यता और उसमें दर्शाई गई राशि की जांच कराने का अनुरोध किया है। पत्र के अनुसार, संबंधित प्रमाणपत्र की जांच कार्यपालक अभियंता से कराने की मांग की गई है।
सिक्योर वे कंस्ट्रक्शन ने विभाग से आग्रह किया है कि निविदा में शामिल दस्तावेजों की पुनः जांच कर सही निविदाकार को कार्य आवंटित किया जाए। कंपनी ने चेतावनी दी है कि यदि शिकायत पर उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो वह 20 दिनों के भीतर उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाने के लिए बाध्य होगी।
शिकायत की प्रतिलिपि कार्रवाई के लिए कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, धनबाद को भी भेजी गई है।
प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दो-दो स्टैटिक दंडाधिकारी रखेंगे निगरानी, निष्पक्ष और कदाचारमुक्त परीक्षा संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन प्रतिबद्ध
साहिबगंज, 31 अक्टूबर। झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JHTET)-2026 को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराने के लिए साहिबगंज जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। रविवार, 1 नवंबर को जिले के 22 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होने वाली इस परीक्षा के सफल संचालन के लिए कुल 44 स्टैटिक दंडाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दो-दो दंडाधिकारी तैनात रहेंगे, जो परीक्षा के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने और परीक्षा संचालन पर पैनी नजर रखेंगे।
झारखंड अधिविध परिषद, रांची द्वारा आयोजित इस परीक्षा को लेकर जिला प्रशासन ने सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की दिशा में कदम उठाए हैं। प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी परीक्षा केंद्रों पर व्यवस्था बनाए रखने, परीक्षा संचालन की निगरानी करने तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता और कदाचार को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
22 परीक्षा केंद्रों पर अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति
जिले के विभिन्न क्षेत्रों में स्थित 22 परीक्षा केंद्रों पर प्रशासनिक अधिकारियों और तकनीकी विभागों के पदाधिकारियों को स्टैटिक दंडाधिकारी के रूप में तैनात किया गया है। इनमें परीक्ष्यमान उपसमाहर्ता, सहायक अभियंता, कनीय अभियंता, अंचल निरीक्षक, प्रखंड स्तरीय अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के पदाधिकारी शामिल हैं।
साहिबगंज शहर के प्रमुख परीक्षा केंद्रों में साहिबगंज कॉलेज, संध्या इंटर कॉलेज, राजस्थान इंटर स्कूल, पब्लिक हाई स्कूल, सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस गर्ल्स स्कूल, पीएम श्री अपग्रेड म्यूनिसिपल गर्ल्स हाई स्कूल, जवाहर नवोदय विद्यालय, ईस्टर्न रेलवे हाई स्कूल, केंद्रीय विद्यालय, सेंट जेवियर स्कूल के हिंदी एवं अंग्रेजी माध्यम केंद्र, संत जोसेफ एकेडमी और प्रोविडेंस स्कूल शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त जिले के ग्रामीण एवं अनुमंडलीय क्षेत्रों में भी परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें बड़ा पचगढ़, तीनपहाड़, जामनगर, उधवा, कोदरजन्ना, राजमहल, बोहरा, मंगलहाट और नया बाजार स्थित विद्यालय एवं महाविद्यालय शामिल हैं।
परीक्षा की निष्पक्षता और विधि-व्यवस्था पर विशेष जोर
जिला प्रशासन का उद्देश्य परीक्षा को स्वच्छ, शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराना है। इसके लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन गंभीरता और सतर्कता के साथ करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
परीक्षा के दौरान दंडाधिकारी केंद्रों पर विधि-व्यवस्था की स्थिति पर नजर रखेंगे तथा परीक्षा संचालन में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न होने पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे। प्रशासन की ओर से परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने और अभ्यर्थियों को व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
जिला नियंत्रण कक्ष के हेल्पलाइन नंबर जारी
परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों और आम नागरिकों की सुविधा के लिए जिला नियंत्रण कक्ष, साहिबगंज के हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। किसी भी प्रकार की सहायता या आवश्यक जानकारी के लिए इन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है।
हेल्पलाइन नंबर: 9006963963, 9631155933, 9065370630
दूरभाष: 06436-356485, 06436-222101, 06436-222202
रांची । ड्राइवर रैपिड रिस्पॉन्स सेल (DRRC) की ओर से शनिवार को मोरहाबादी स्थित ऑक्सीजन पार्क में रांची में शुरू हुई टमटम कैब सर्विस के विरोध में आमसभा आयोजित की गई। बैठक में सैकड़ों की संख्या में टैक्सी चालक एवं वाहन मालिक शामिल हुए। आमसभा में संगठन की पूरी कोर कमेटी के पदाधिकारियों ने भाग लेते हुए स्थानीय टैक्सी चालकों के रोजगार एवं भविष्य की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि रांची में टमटम कैब सर्विस के संचालन से स्थानीय टैक्सी चालकों एवं वाहन मालिकों की आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। पहले से आर्थिक संकट का सामना कर रहे चालकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ने की आशंका है। यह मामला केवल टैक्सी चालकों के रोजगार तक सीमित नहीं है, बल्कि हजारों परिवारों के भविष्य से जुड़ा हुआ है।
DRRC ने जिला प्रशासन एवं राज्य सरकार से मांग की कि रांची में टमटम कैब सर्विस के संचालन पर तत्काल रोक लगाई जाए तथा स्थानीय टैक्सी चालकों के हितों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक कार्रवाई की जाए। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, तो हजारों टैक्सी चालकों के सामने गंभीर आर्थिक संकट उत्पन्न हो सकता है, जिससे व्यापक स्तर पर रोजगार प्रभावित होने की आशंका है।
आमसभा में उपस्थित पदाधिकारियों ने एकजुट होकर स्थानीय टैक्सी चालकों के अधिकारों एवं रोजगार की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
बैठक में DRRC के संस्थापक ठाकुर एसपी चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष देव सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार, प्रदेश सचिव गुड्डू यादव, प्रदेश सह सचिव पप्पू सिंह, जिला अध्यक्ष अंजन सिंह, जिला उपाध्यक्ष अनिल साहनी, सह कोषाध्यक्ष राकेश रंजन, केंद्रीय प्रवक्ता चंदन पाठक, संगठन मंत्री अरुण कुस्वाहा, जिला संगठन मंत्री दीपक सिंह एवं समन्वयक पुरुषोत्तम कुमार सहित अन्य पदाधिकारी, टैक्सी चालक एवं वाहन मालिक उपस्थित थे।
DRRC ने स्पष्ट किया कि स्थानीय टैक्सी चालकों की आजीविका एवं भविष्य की सुरक्षा संगठन की प्राथमिकता है। संगठन ने जिला प्रशासन एवं राज्य सरकार से इस गंभीर विषय पर तत्काल संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की।
ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने अधिकारियों को दिए निर्देश, जनसमस्याओं के त्वरित समाधान और नई योजनाओं के प्रस्ताव भेजने को कहा
रांची । ग्रामीण विकास, पंचायती राज एवं ग्रामीण कार्य विभाग की मंत्री दीपिका पांडेय सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को प्रोजेक्ट भवन परिसर स्थित एनेक्सी भवन सभागार में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा-DISHA) की राज्य स्तरीय बैठक हुई। बैठक में केंद्र प्रायोजित विकास योजनाओं की प्रगति, उनके क्रियान्वयन और जनभागीदारी की व्यापक समीक्षा की गई।
बैठक में राजमहल के सांसद विजय हांसदा, देवघर के विधायक सुरेश पासवान, धनबाद के विधायक राज सिन्हा, मनोहरपुर के विधायक जगत माझी, जमुआ की विधायक मंजु कुमारी, लोहरदगा के सांसद प्रतिनिधि सीताराम भगत सहित समिति के नामित गैर-सरकारी सदस्य और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के प्रारंभ में ग्रामीण विकास विभाग के सचिव मनोज कुमार ने सदस्यों और अतिथियों का स्वागत किया।
केंद्रीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY), विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण (VB-GRAMG), प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY), स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) और प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (PMMSY) सहित विभिन्न केंद्रीय योजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति की समीक्षा की गई।
संबंधित विभागों ने ग्रामीण आवास, आजीविका, जल संसाधन, बुनियादी ढांचे और मत्स्य पालन से जुड़ी योजनाओं पर विस्तृत प्रस्तुति दी। बैठक में योजनाओं के निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने और ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति देने पर जोर दिया गया।
जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश
बैठक के दौरान जनप्रतिनिधियों और समिति के सदस्यों ने योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों, तकनीकी बाधाओं और क्षेत्रीय समस्याओं को उठाया। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को इन समस्याओं का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि प्रशासनिक शिथिलता किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिकारी धरातल पर जाकर जनता की समस्याओं को समझें और उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित करें।
नई योजनाओं के प्रस्ताव केंद्र को भेजने पर जोर
मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने सभी संबंधित विभागों को केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का क्रियान्वयन पारदर्शिता, जवाबदेही और निर्धारित समयसीमा के अनुरूप होना चाहिए।
उन्होंने राज्य के समग्र और समावेशी विकास के लिए नई योजनाओं की स्वीकृति प्राप्त करने हेतु विभागों को ठोस कार्ययोजना तैयार कर केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं और आजीविका के अवसरों का विस्तार हो सकेगा।
दीपावली पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों को दी आर्थिक सहायता की सौगात, किसान कल्याण के प्रति संकल्प दोहराया
साहेबगंज/रांची । आगामी दीपावली पर्व को देखते हुए पावन अवसर पर देश के किसानों को बड़ी आर्थिक सौगात मिली है। इस अवसर पर भाजपा किसान मोर्चा के राष्ट्रीय मंत्री बजरंगी प्रसाद यादव ने हर्ष जताते हुए प्रधानमंत्री को धन्यवाद दिया और कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना की 24वीं किस्त जारी कर दी है। इसके तहत देश के 9 करोड़ 34 लाख से अधिक किसानों के बैंक खातों में 18,690 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे हस्तांतरित की गई।
आगे श्री यादव ने कहा यह आर्थिक सहायता देश के अन्नदाताओं के सम्मान, स्वाभिमान और खेती-किसानी को मजबूती प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के माध्यम से किसानों को आर्थिक सहयोग देकर उनकी कृषि संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद की जा रही है।
आने वाली दीपावली जैसे पावन त्योहार पर किसानों के खातों में सहायता राशि पहुंचने से उनके परिवारों में खुशियों का माहौल है। इस पहल को किसान कल्याण, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती और कृषि क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण बताया गया। इस अवसर पर किसान हित को सर्वोपरि बताते हुए संकल्प दोहराया गया कि किसान का सम्मान, किसान का कल्याण और किसान की समृद्धि ही प्राथमिकता है।साथ ही भगवान से प्रार्थना की गई कि दीपावली के पावन पर्व पर देश के हर किसान के घर खुशहाली का दीप जले, हर खेत में हरियाली हो और प्रत्येक किसान का भविष्य उज्ज्वल एवं समृद्ध बने।
आगे श्री यादव ने कहा देश के सभी किसान भाई-बहनों को दीपावली की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा किसान खुशहाल तो देश खुशहाल।
200 से अधिक बच्चों ने उत्साहपूर्वक लिया भाग, रचनात्मक अभिव्यक्ति के माध्यम से दिया सत्यनिष्ठा एवं नैतिकता का संदेश
रांची। सतर्कता जागरूकता सप्ताह–2026 के अंतर्गत सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड द्वारा आज दिनांक 30 अक्टूबर, 2026 को सीसीएल मुख्यालय, रांची में कर्मियों के बच्चों के लिए कविता पाठ, चित्रकला एवं निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में 200 से अधिक बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर अपनी रचनात्मक प्रतिभा एवं अभिव्यक्ति कौशल का प्रदर्शन किया।
इस वर्ष सतर्कता जागरूकता सप्ताह की थीम “सत्यनिष्ठा से समृद्धि” पर आधारित इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों को सत्यनिष्ठा, पारदर्शिता, ईमानदारी एवं नैतिक आचरण जैसे महत्वपूर्ण मूल्यों के प्रति जागरूक किया गया। नन्हे प्रतिभागियों ने अपनी कविताओं, चित्रों एवं निबंधों के माध्यम से इन मूल्यों को बेहद सुंदर एवं प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को अपनी कल्पनाशीलता एवं रचनात्मक क्षमता प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान करने के साथ-साथ उनमें बचपन से ही नैतिक मूल्यों और ईमानदारी की भावना विकसित करना था।
इस अवसर पर यह संदेश भी दिया गया कि सत्यनिष्ठा, निष्पक्षता एवं नैतिक उत्तरदायित्व एक समृद्ध समाज और सशक्त राष्ट्र के निर्माण के मूल आधार हैं। भ्रष्टाचार मुक्त एवं पारदर्शी भारत के निर्माण में नई पीढ़ी की महत्वपूर्ण भूमिका है और इसकी शुरुआत बचपन से ही सही संस्कारों एवं मूल्यों के विकास से होती है।
इस आयोजन के माध्यम से सीसीएल ने एक बार फिर कार्यस्थल के साथ-साथ समाज में भी सत्यनिष्ठा की संस्कृति को प्रोत्साहित करने तथा नई पीढ़ी को नैतिक मूल्यों से जोड़ने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
सीसीएल का विश्वास है कि आज के जागरूक एवं संस्कारवान बच्चे ही कल एक सत्यनिष्ठ, पारदर्शी और समृद्ध भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
जमीन के दाखिल-खारिज में प्रतिकूल रिपोर्ट देने से नाराज थे आरोपी, साजिश रचकर की गई थी हत्या
राँची । राजधानी राँची के नामकुम थाना क्षेत्र अंतर्गत जोरार में अरगोड़ा अंचल के राजस्व कर्मचारी लक्ष्मीकान्त मुण्डा हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रदीप गोसाई (38), अमित टोप्पो उर्फ अमित गोसाई (34) और सिन्टु कुमार गोसाई (31) के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 24 अक्टूबर को लक्ष्मीकान्त मुण्डा (38), पिता बंगाली मुण्डा, निवासी ग्राम दलकीडीह, थाना बुण्डू, जो वर्तमान में अरगोड़ा अंचल में राजस्व कर्मचारी के पद पर कार्यरत थे, की जोरार स्थित उनके आवास पर अज्ञात अपराधियों ने हत्या कर दी थी। इस संबंध में नामकुम थाना कांड संख्या 301/26, दिनांक 25 अक्टूबर 2026 को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 238 एवं 303(2) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने अनुसंधान शुरू किया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक, राँची के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया। टीम में वरीय पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय-प्रथम), पुलिस उपाधीक्षक हटिया, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बुण्डू सहित नामकुम, टाटीसिलवे, खरसीदाग एवं अन्य थानों के पुलिस पदाधिकारियों को शामिल किया गया था।
पुलिस ने तकनीकी एवं मानवीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के स्वीकारोक्ति बयान और अनुसंधान में सामने आया है कि हत्या की घटना 23 अक्टूबर की रात करीब 10:30 से 11 बजे के बीच अंजाम दी गई थी।
जमीन विवाद बना हत्या की वजह
पुलिस जांच के अनुसार, अरगोड़ा अंचल के मौजा बड़ा घाघरा स्थित खाता संख्या 29 की 96 डिसमिल जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। गोसाई परिवार की ओर से जमीन की विभिन्न डीड के आधार पर बिक्री एवं दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) कराने के लिए अरगोड़ा अंचल में अलग-अलग समय पर आवेदन दिए गए थे।
इन आवेदनों की स्थल जांच और दस्तावेजों का सत्यापन राजस्व कर्मचारी लक्ष्मीकान्त मुण्डा ने किया था। जांच के दौरान मूल दस्तावेजों और वंशावली में भिन्नता पाए जाने पर उन्होंने कई नामांतरण मामलों में प्रतिकूल जांच प्रतिवेदन देते हुए अंचल अधिकारी, अरगोड़ा को दाखिल-खारिज अस्वीकृत करने की अनुशंसा की थी। इसके आधार पर कई नामांतरण वाद अस्वीकृत कर दिए गए थे, जबकि कुछ मामले लंबित थे।
पुलिस के मुताबिक, इस कारण संबंधित जमीन की खरीद-बिक्री और दाखिल-खारिज में परेशानी हो रही थी। वहीं, जमीन के क्रेताओं की ओर से आरोपियों पर नामांतरण कराने और जमीन पर दखल-कब्जा दिलाने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था। इससे आरोपी राजस्व कर्मचारी की जांच रिपोर्ट से नाराज थे। इसी नाराजगी में साजिश रचकर लक्ष्मीकान्त मुण्डा की हत्या कर दी गई।
तीन आरोपी फरार, गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी
पुलिस ने बताया कि इस हत्याकांड में शामिल शेष तीन नामजद अप्राथमिकी अभियुक्तों भोला गोसाई, अमित सिंह और शैलेश के अलावा अन्य अज्ञात अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास का भी पता लगाया जा रहा है।
गिरफ्तार आरोपी
- प्रदीप गोसाई, उम्र 38 वर्ष, पिता बृज गोसाई, निवासी बड़ा घाघरा देवी मंडप, थाना डोरंडा, राँची।
- अमित टोप्पो उर्फ अमित गोसाई, उम्र 34 वर्ष, पिता स्व. राकेश टोप्पो, निवासी डंगरा टोली, थाना लालपुर, राँची।
- सिन्टु कुमार गोसाई, उम्र 31 वर्ष, पिता बृज गोसाई, निवासी बड़ा घाघरा देवी मंडप के पास, थाना डोरंडा, राँची।
बरामदगी: तीन मोबाइल फोन।
छापेमारी दल में शामिल पुलिस पदाधिकारी
छापेमारी दल में वरीय पुलिस उपाधीक्षक अमर कुमार पाण्डेय, पुलिस उपाधीक्षक नीरज कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ओमप्रकाश, डोरंडा थाना प्रभारी दिग्विजय सिंह, नामकुम थाना प्रभारी रामनारायण सिंह, बुण्डू थाना प्रभारी जयदीप टोप्पा, टाटीसिलवे थाना प्रभारी हंसे उराँव, खरसीदाग ओपी प्रभारी मनीष कुमार, दशमफॉल थाना प्रभारी कुन्दन कुमार एवं दलादली ओपी प्रभारित सत्यप्रकाश उपाध्याय सहित नामकुम थाना के अन्य पुलिस पदाधिकारी, तकनीकी शाखा के कर्मी एवं सशस्त्र बल शामिल थे।
