रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां एवं झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक और दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन की पत्नी रूपी सोरेन का बुधवार शाम रांची के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार उनकी स्थिति गंभीर थी और उन्हें जीवनरक्षक प्रणाली (वेंटिलेटर) पर रखा गया था।
रूपी सोरेन पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रही थीं। सांस लेने में तकलीफ के बाद उन्हें 18 सितंबर को रांची के हिल व्यू हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान उनकी स्थिति गंभीर बनी हुई थी और चिकित्सकों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही थी।
मुख्यमंत्री ने रद्द किए कार्यक्रम
मां की गंभीर स्थिति की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बुधवार को अस्पताल पहुंचे और चिकित्सकों से उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री के कई निर्धारित कार्यक्रम रद्द किए गए तथा राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक भी स्थगित कर दी गई।
शिबू सोरेन की जीवनसंगिनी और सोरेन परिवार की महत्वपूर्ण सदस्य थीं रूपी सोरेन
रूपी सोरेन झारखंड के प्रमुख आदिवासी नेता और झामुमो के संस्थापक नेताओं में शामिल रहे दिवंगत शिबू सोरेन की पत्नी थीं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के अलावा वह सोरेन परिवार के अन्य सदस्यों की भी मां थीं। झारखंड सरकार की आधिकारिक वेबसाइट पर भी रूपी सोरेन का नाम मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता के रूप में दर्ज है।
शिबू सोरेन के निधन के बाद परिवार के लिए रूपी सोरेन एक महत्वपूर्ण पारिवारिक स्तंभ के रूप में बनी रहीं। उनके निधन की खबर सामने आते ही झारखंड के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की प्रतिक्रिया सामने आने लगी है। विभिन्न दलों के नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने शोक व्यक्त करते हुए सोरेन परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की है।
हेमंत सोरेन ने जताया गहरा भावनात्मक दुख
मां के निधन के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा कि पिता के निधन के बाद मां उनकी सबसे बड़ी छांव थीं और अब वह छांव भी प्रकृति की गोद में समा गई।
रूपी सोरेन के निधन से सोरेन परिवार के साथ-साथ झारखंड मुक्ति मोर्चा से जुड़े कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक का माहौल है। अंतिम संस्कार एवं अन्य कार्यक्रमों को लेकर परिवार की ओर से आधिकारिक जानकारी की प्रतीक्षा की जा रही है।
साहिबगंज। साहिबगंज पुलिस ने अवैध गांजा तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को 8 किलो गांजा के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से 45,600 रुपये नकद, एक मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल भी बरामद की है।
पुलिस के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से पुलिस अधीक्षक, साहिबगंज को गुप्त सूचना मिल रही थी कि राज्य के बाहर से अवैध गांजा की खेप साहिबगंज लाई जा रही है। इसके बाद अवैध गांजा के कारोबार में संलिप्त लोगों को पकड़ने के लिए विशेष छापामारी दल का गठन किया गया था।
7 अक्टूबर 2026 को पुलिस अधीक्षक को मिली गुप्त सूचना के आधार पर गठित टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नॉर्थ कॉलोनी, कलिंगा के सामने वाली गली से मोटरसाइकिल सवार मो. फिरोज अख्तर (लगभग 38 वर्ष) को पकड़ा। तलाशी के दौरान उसके पास से सेलोटेप की सहायता से बंडल के रूप में रखा गया 8 बंडल गांजा, जिसका कुल वजन करीब 8 किलोग्राम बताया गया है, बरामद किया गया।
पुलिस ने आरोपी के पास से 45,600 रुपये नकद, एक मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल भी जब्त की है। आरोपी के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेजने की कार्रवाई की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपी:
मो. फिरोज अख्तर, उम्र करीब 38 वर्ष, पिता—मो. मोफिल, निवासी—छोटी कोदरजन्ना, थाना—मुफस्सिल, जिला—साहिबगंज।
बरामदगी:
- 8 बंडल गांजा — करीब 8 किलोग्राम
- नकद राशि — ₹45,600
- एक मोबाइल फोन
- एक मोटरसाइकिल
छापामारी दल में साहिबगंज सदर के अंचलाधिकारी बासुकीनाथ टुडू, नगर थाना प्रभारी अमित गुप्ता सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी एवं जवान शामिल थे। पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।
धनबाद। रांची से टोरी होते हुए शिवपुर तक पैसेंजर ट्रेन का नियमित परिचालन शुरू कराने की मांग को लेकर सिमरिया विधायक उज्जवल कुमार दास ने धनबाद रेल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) अखिलेश मिश्रा से मुलाकात कर इस महत्वपूर्ण जनहित के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया गया।
मुलाकात के दौरान विधायक उज्ज्वल कुमार दास ने बताया गया कि रांची-टोरी-शिवपुर रेलखंड पर यात्री ट्रेन का नियमित परिचालन शुरू होने से सिमरिया विधानसभा क्षेत्र सहित आसपास के इलाकों के विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों, मरीजों, व्यापारियों एवं आम यात्रियों को आवागमन में बड़ी सुविधा मिलेगी। लंबे समय से टोरी से शिवपुर तक कोयला मालवाहक ट्रेनों का परिचालन हो रहा है, लेकिन यात्री ट्रेन की सुविधा अब तक क्षेत्रवासियों को नहीं मिल पाई है।
DRM अखिलेश मिश्रा ने इस जनहित से जुड़े विषय को गंभीरता से लेते हुए पैसेंजर ट्रेन का परिचालन शुरू कराने की दिशा में सकारात्मक कार्रवाई करने तथा मामले को आगे बढ़ाने का आश्वासन दिया।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि यात्री ट्रेन का नियमित परिचालन शुरू होने से सिमरिया समेत आसपास के ग्रामीण एवं कस्बाई क्षेत्रों के लोगों को शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य सेवाओं और व्यापार के लिए रांची एवं अन्य प्रमुख शहरों तक आवागमन में काफी सहूलियत मिलेगी।
जनहित से जुड़े इस महत्वपूर्ण विषय को लेकर आगे भी निरंतर प्रयास जारी रखने की बात कही गई है।
मुरी। ऑपरेशन ‘नारकोस’ के तहत आरपीएफ ने मुरी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-2 से 40 किलो गांजा बरामद कर तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई गई है।आरपीएफ के अनुसार, बुधवार शाम करीब 7:15 बजे प्लेटफॉर्म संख्या-2 के रांची छोर पर पांच पिट्ठू बैग लेकर संदिग्ध अवस्था में घूम रहे तीन युवकों को जांच के लिए रोका गया। तलाशी के दौरान पांच पैकेटों में गांजा बरामद हुआ। प्रत्येक पैकेट का वजन आठ किलो था। डीडी किट से प्रारंभिक जांच में पदार्थ के गांजा होने की पुष्टि हुई।गिरफ्तार युवकों की पहचान सूरज कुमार (19), बीरेन कुमार (20) और साहेंद्र कुमार (19), सभी कैमूर, बिहार निवासी के रूप में हुई है। आरपीएफ के मुताबिक, पूछताछ में युवकों ने गांजा संबलपुर, ओडिशा से बिहार ले जाने की बात बताई है। उनके पास से तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं।आरपीएफ ने गांजा और अन्य सामान जब्त कर लिया है। तीनों आरोपियों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जीआरपी मुरी को सौंपने की प्रक्रिया की गई। कार्रवाई में आरपीएफ पोस्ट मुरी के आईपीएफ संजीव कुमार समेत अन्य अधिकारी एवं जवान शामिल रहे।
रांची। झारखंड सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग में जल जीवन मिशन के तहत कार्यरत आउटसोर्सिंग लैबोरेटरी कर्मियों ने सात माह से वेतन नहीं मिलने के विरोध में मंगलवार को विभागीय कार्यालय के समक्ष धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद कर्मियों ने विभागीय अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर बकाया वेतन का जल्द भुगतान करने की मांग की।
धरना दे रही कर्मी शिवानी ने बताया कि वे पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के वाटर टेस्टिंग लैबोरेटरी में कार्यरत हैं। पिछले सात माह से वेतन नहीं मिला है। इसके बावजूद कर्मी लगातार अपनी जिम्मेदारियां निभा रहे हैं। लंबे समय से वेतन नहीं मिलने के कारण कर्मियों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। त्योहारों के मौसम में भी वेतन नहीं मिलने से कई परिवारों के सामने भुखमरी जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है।
कर्मियों के अनुसार पूरे झारखंड में करीब 200 आउटसोर्सिंग लैबोरेटरी कर्मी कार्यरत हैं। वेतन भुगतान को लेकर कई बार विभाग से गुहार लगाई जा चुकी है। विभाग की ओर से टेंडर होने के बाद वेतन भुगतान किए जाने की बात कही जाती रही है, लेकिन तीन-चार बार टेंडर प्रक्रिया शुरू होने के बाद उसे स्थगित किया जा चुका है।
कर्मियों ने आरोप लगाया कि वेतन भुगतान नहीं होने के बावजूद विभाग की ओर से लगातार काम करने का दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की गई तो वे पेन डाउन हड़ताल करने को मजबूर होंगे।
कर्मियों ने सरकार और विभाग से बकाया सात माह के वेतन का तत्काल भुगतान करने के साथ-साथ समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की। धरना-प्रदर्शन में विवेक पंडित,संजीव कुमार, तोफन कुमार महतो, सुरभि गोप, उर्मिला, मनीषा, प्रवीण प्रभाकर, रामप्रसाद, सुशीला, गणेश, महेश, नेहा और शिवा कुमारी सहित कई कर्मी मौजूद थे।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड मुख्यालय स्थित गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर के प्रांगण में विशेष अभियान 6.0 के अंतर्गत ई-कचरा प्रबंधन: प्रभावी संग्रहण, पृथक्करण एवं निस्तारण अभियान का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर सीएमडी, सीसीएल श्री निलेंदु कुमार सिंह ने ई-वेस्ट संग्रहण केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक कचरा निस्तारित कर अभियान का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा, निदेशक (तकनीकी/संचालन) चंद्र शेखर तिवारी एवं निदेशक (योजना एवं परियोजना) अनुप हंजुरा उपस्थित रहे। साथ ही मुख्यालय के महाप्रबंधक, विभागाध्यक्ष, अधिकारी एवं कर्मचारी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। निदेशकों, महाप्रबंधकों एवं विभागाध्यक्षों ने स्वयं ई-कचरा संग्रहण केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक कचरा निस्तारित कर अभियान में सहभागिता दर्ज कराई।
कार्यक्रम के दौरान सीएमडी, सीसीएल निलेंदु कुमार सिंह ने कॉर्पोरेट कम्युनिकेशंस एवं पब्लिक रिलेशंस (CC&PR) विभाग द्वारा निर्मित परिकल्पना ‘सीसीएल के ताऊ’ के AI अवतार का अनावरण किया। ‘सीसीएल के ताऊ’ कंपनी के विभिन्न प्लेटफॉर्म्स के वीडियोज़ में दिखाई देते हैं और सीसीएल की विभिन्न पहलों एवं गतिविधियों से संबंधित जानकारी को सरल एवं प्रभावी तरीके से लोगों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
इस पहल के माध्यम से ई-कचरे के उचित संग्रहण, पृथक्करण एवं वैज्ञानिक निस्तारण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। कार्यक्रम स्थल पर विशेष रूप से तैयार किया गया सेल्फी स्टैंड भी आकर्षण का केंद्र रहा, जहां अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक तस्वीरें खिंचवाईं।
विशेष अभियान 6.0 के तहत ई-कचरा प्रबंधन जैसी पर्यावरणीय पहल को बढ़ावा देना सीसीएल की स्वच्छ, स्वस्थ एवं सतत कार्यस्थल के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह पहल ई-कचरे के जिम्मेदार प्रबंधन के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी को भी मजबूत करती है।
रांची । मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मंगलवार को कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में रांची जिला दुर्गा पूजा समिति, रांची महानगर दुर्गा पूजा समिति और विभिन्न शांति समितियों के संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने दुर्गा पूजा की तैयारियों में जिला प्रशासन से मिल रहे सहयोग के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताया और उन्हें सपरिवार पूजा पंडालों के भ्रमण एवं माता के दर्शन के लिए आमंत्रित किया। मुख्यमंत्री ने आमंत्रण स्वीकार करते हुए पूजा उत्सव में शामिल होने का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री ने पूजा समितियों से पर्यावरण अनुकूल तरीके से मूर्ति विसर्जन की व्यवस्था करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि आस्था और परंपरा को कायम रखते हुए विसर्जन के बाद तालाबों और जलाशयों पर पड़ने वाले पर्यावरणीय प्रभाव को कम करना जरूरी है। इसके लिए सरकार और पूजा समितियों के समन्वय से वैकल्पिक एवं इको-फ्रेंडली विसर्जन व्यवस्था तैयार करने का सुझाव दिया।
पंडालों में लगाएं नशा मुक्ति के होर्डिंग
मुख्यमंत्री ने पूजा पंडालों में नशा मुक्ति जागरूकता से संबंधित होर्डिंग और बैनर लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशामुक्त झारखंड के निर्माण में सामाजिक और धार्मिक संगठनों की महत्वपूर्ण भूमिका है। पूजा समितियों ने पंडालों में बैनर लगाने के साथ अनाउंसमेंट के माध्यम से युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए जागरूक करने का भरोसा दिया।
मुख्यमंत्री ने दुर्गा पूजा को शक्ति की उपासना और सत्य की असत्य पर विजय का पर्व बताते हुए पूजा समितियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अधिकारियों को पूजा के दौरान कानून-व्यवस्था, बिजली, पानी, साफ-सफाई और यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के निर्देश दिए, ताकि श्रद्धालुओं, खासकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को परेशानी न हो।
इस दौरान रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री और वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन ने मुख्यमंत्री को जिले में दुर्गा पूजा को लेकर की गई तैयारियों की जानकारी दी।
झामुमो ने कहा - हिन्दू-मुस्लिम को लड़ाकर भारत समृद्ध नहीं बनेगा, SIR में गैर-भाजपा मतदाताओं को लेकर उठे सवालों का जवाब दे भाजपा
रांची। झारखंड भाजपा के नवनियुक्त प्रदेश प्रभारी गजेंद्र सिंह पटेल के राज्य सरकार पर लगाए गए आरोपों पर झामुमो महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नए प्रदेश प्रभारी झारखंड को समझने के बजाय दो दिन के प्रवास में ही सरकार और राज्य की जनता को प्रमाणपत्र बांटने लगे हैं। भाजपा को जनता को उपदेश देने से पहले केंद्र सरकार की नीतियों और अपने शासन का आईना देखना चाहिए। झारखंड की जनता आरोपों और हकीकत के बीच का अंतर अच्छी तरह समझती है।
महासचिव विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा को यदि वास्तव में समृद्ध भारत का लक्ष्य हासिल करना है तो उसे बड़ा दिल लेकर राजनीति करनी होगी। हिन्दू-मुस्लिम को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा करके और समाज में विभाजन पैदा करके भारत समृद्ध नहीं बन सकता। देश को जोड़ने, लोकतांत्रिक संस्थाओं को मजबूत करने और सभी वर्गों को साथ लेकर चलने की राजनीति ही विकास का आधार बन सकती है।
SIR पर भाजपा से पूछा- बिहार और पश्चिम बंगाल में कितने बांग्लादेशी पकड़े ?
उन्होंने कहा कि भाजपा नेता SIR को लेकर लगातार बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं। उन्हें देश को बताना चाहिए कि SIR के माध्यम से बिहार और पश्चिम बंगाल में आखिर कितने बांग्लादेशी नागरिक पकड़े गए। यदि घुसपैठ रोकना ही इसका उद्देश्य था तो कार्रवाई का वास्तविक आंकड़ा देश के सामने आना चाहिए।
विनोद पांडेय ने कहा कि SIR को लेकर आम लोगों को महीनों दस्तावेज जुटाने, कार्यालयों के चक्कर लगाने और लंबी कतारों में खड़ा होने के लिए मजबूर होना पड़ा। गैर-भाजपा मतदाताओं के साथ पक्षपातपूर्ण व्यवहार और उनके मताधिकार पर आशंका पैदा होना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का शुद्धीकरण पारदर्शी तरीके से होना चाहिए और किसी भी पात्र नागरिक को उसके मताधिकार से वंचित नहीं किया जाना चाहिए।
झारखंड के विकास का हिसाब भाजपा अपने शासन से दे
झामुमो महासचिव ने कहा कि झारखंड की जनता भाजपा से यह जानना चाहती है कि जब केंद्र और राज्य में भाजपा की सरकारें रहीं, तब आदिवासी, गरीब, किसान, युवा और महिलाओं के लिए क्या किया गया। केवल भाषण देने से राजनीति नहीं चलती। जनता काम का हिसाब मांगती है।
उन्होंने कहा कि झामुमो-कांग्रेस गठबंधन सरकार ने कोरोना जैसी वैश्विक महामारी और तमाम विपरीत परिस्थितियों के बावजूद जनकल्याण की योजनाओं को आगे बढ़ाया। मंईयां सम्मान योजना, अबुआ आवास, 200 यूनिट तक मुफ्त बिजली जैसी योजनाओं का लाभ बड़ी संख्या में परिवारों को मिला है। राज्य सरकार ने पात्र उपभोक्ताओं तक 200 यूनिट मुफ्त बिजली योजना का लाभ पहुंचाने को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं।
खनिज संपदा पर भाजपा अपना रुख स्पष्ट करे
खनिज संपदा और डीएमएफटी को लेकर भाजपा के आरोपों पर विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा नेताओं को आरोप लगाने से पहले यह बताना चाहिए कि केंद्र सरकार की खनन संबंधी नीतियों से झारखंड के हितों पर क्या प्रभाव पड़ेगा। राज्य के अधिकार और खनिज संपदा से मिलने वाले राजस्व के सवाल पर भाजपा के प्रदेश नेता केंद्र सरकार के सामने झारखंड का पक्ष क्यों नहीं रखते?
उन्होंने कहा कि झारखंड अपने खनिज संसाधनों के उचित हिस्से और राज्य के अधिकारों की लड़ाई लगातार लड़ रहा है। भाजपा को इस मामले में राजनीति करने के बजाय झारखंड के हित में राज्य सरकार का साथ देना चाहिए।
युवाओं के भविष्य पर राजनीति बंद करे भाजपा
छात्रों और रोजगार के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नियुक्ति प्रक्रिया को गति देने के लिए लगातार कदम उठा रही है। विभिन्न परीक्षाओं को लेकर सामने आई शिकायतों और अनियमितताओं पर जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया अपनाई गई है। भाजपा को युवाओं के भविष्य पर राजनीति करने के बजाय केंद्र सरकार के स्तर पर रोजगार के अपने वादों का हिसाब देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि भाजपा के नेता झारखंड के युवाओं की चिंता कर रहे हैं, तो उन्हें यह भी बताना चाहिए कि केंद्र में हर साल करोड़ों रोजगार देने के वादे का वास्तविक परिणाम क्या रहा।
घुसपैठ पर केंद्र सरकार से जवाब मांगे भाजपा
विनोद पांडेय ने घुसपैठ के आरोपों पर कहा कि यह गंभीर विषय है और इसमें केंद्र सरकार तथा उसकी सुरक्षा एवं जांच एजेंसियों की भी स्पष्ट भूमिका है। यदि भाजपा नेताओं के पास घुसपैठ से संबंधित ठोस जानकारी है तो उसे संबंधित एजेंसियों को उपलब्ध कराएं। केवल चुनावी और राजनीतिक मंचों से आरोप लगाने से समस्या का समाधान नहीं होगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा को यह भी बताना चाहिए कि जिन सीमावर्ती इलाकों और क्षेत्रों में घुसपैठ की बात कही जा रही है, वहां केंद्र की एजेंसियों ने अब तक क्या कार्रवाई की है। राज्य सरकार पर आरोप लगाने से पहले केंद्र सरकार की जिम्मेदारी भी तय होनी चाहिए।
मालदा। साहिबगंज-बड़हरवा रेलखंड में सकरीगली एवं महाराजपुर स्टेशनों के बीच प्रभावित डाउन लाइन पर पुनर्बहाली कार्य पूरा कर रेल परिचालन बुधवार से बहाल कर दिया गया। आवश्यक मरम्मत एवं व्यापक सुरक्षा जांच के बाद 6 अक्टूबर को इस लाइन पर पहली ट्रेन संख्या 03428 साहिबगंज-हावड़ा पैसेंजर स्पेशल का परिचालन किया गया। ट्रेन का ठहराव सभी स्टेशनों पर है। रेलवे के अनुसार, निर्धारित समय-सारणी के तहत सामान्य रेल सेवाएं 7 अक्टूबर से बहाल हो जाएंगी।
पुनर्बहाली कार्य चौबीसों घंटे युद्धस्तर पर किया गया। मालदा मंडल के मंडल रेल प्रबंधक मनीष कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन में इंजीनियरिंग, विद्युत, यांत्रिक, परिचालन समेत विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयास से कार्य पूरा हुआ। करीब 800 रेलवे कर्मचारियों, संविदाकर्मियों, पर्यवेक्षकों और अधिकारियों ने दिन-रात काम कर प्रभावित रेल अवसंरचना को दुरुस्त किया।
रेलवे के अनुसार, तेज जलधारा और कटाव से रेल अवसंरचना की सुरक्षा के लिए तटबंध संरक्षण एवं नदी तट स्थिरीकरण के व्यापक उपाय किए गए। रेलवे स्लीपर और स्टोन डस्ट का उपयोग करने के साथ नदी प्रशिक्षण के लिए पोरक्यूपाइन संरचनाएं लगाई गईं। संवेदनशील नदी तटों को मजबूत करने और मृदा कटाव रोकने के लिए गेबियन बॉक्स एवं बोल्डर क्रेट्स भी स्थापित किए गए।
रेल परिचालन बाधित रहने के दौरान यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए ट्रेनों का मार्ग परिवर्तन, नियंत्रित गति से परिचालन तथा अन्य परिचालन व्यवस्थाएं की गईं।
मंडल रेल प्रबंधक मनीष कुमार गुप्ता ने पुनर्बहाली कार्य में जुटे अधिकारियों, कर्मचारियों और श्रमिकों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में यात्रियों की सुरक्षा, रेल सेवाओं की जल्द बहाली और यात्रियों के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मंडल ने इस दौरान यात्रियों के धैर्य और सहयोग के लिए आभार जताया।
स्टेडियम से लेकर पार्किंग और यातायात व्यवस्था तक की हुई समीक्षा
रांची । जेएससीए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, रांची में 9 अक्टूबर को भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जाने वाले दूसरे टी20 क्रिकेट मैच को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की तैयारी शुरू कर दी गई है। सोमवार को अपर पुलिस महानिदेशक सह पुलिस महानिरीक्षक, दक्षिणी छोटानागपुर प्रक्षेत्र, मनोज कौशिक ने स्टेडियम एवं आसपास के क्षेत्रों का विस्तृत निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन, पुलिस अधीक्षक (नगर) पारस राणा, पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) गौरव गोस्वामी, पुलिस अधीक्षक (यातायात) राकेश सिंह सहित जेएससीए के अध्यक्ष, सचिव, अन्य पदाधिकारी एवं पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
अधिकारियों ने स्टेडियम एवं उसके आसपास की सुरक्षा व्यवस्था, दर्शकों के प्रवेश और निकास, पार्किंग, यातायात प्रबंधन तथा खिलाड़ियों और टीमों की सुरक्षा का जायजा लिया। इसके अलावा महत्वपूर्ण एवं संवेदनशील स्थानों की सुरक्षा तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों की भी समीक्षा की गई।
पर्याप्त पुलिस बल की होगी तैनाती
एडीजी सह आईजी ने संबंधित पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को मैच के दौरान सुदृढ़ सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती, यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने तथा आकस्मिक परिस्थितियों से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी करने को कहा।
रांची पुलिस के अनुसार मैच के दौरान आम नागरिकों, दर्शकों, खिलाड़ियों और अन्य संबंधित लोगों की सुरक्षा एवं सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। इसके लिए सभी आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए जा रहे हैं।
पुलिस ने आम नागरिकों और क्रिकेट दर्शकों से अपील की है कि वे मैच के दौरान पुलिस-प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
