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झारखंड में 80% ही खर्च हुआ बजट, 29 हजार करोड़ सरेंडर, आखिरी दिन 3616 करोड़ की निकासी
April 1, 2026 | 259 Views
झारखंड में 80% ही खर्च हुआ बजट, 29 हजार करोड़ सरेंडर, आखिरी दिन 3616 करोड़ की निकासी

रांची।  वित्तीय वर्ष 2025-26 का समापन हो गया है. इस वित्तीय वर्ष के आखिरी दिन सरकारी खजाने से करीब 3,616 करोड़ रुपये की निकासी हुई, जबकि पूरे मार्च महीने में करीब 19 हजार करोड़ रुपये खर्च किए गए.

हालांकि सरकार के विभाग राजस्व वसूली में लक्ष्य से काफी पीछे रहे. जानकारी के मुताबिक राज्य सरकार अपने कुल बजट का सिर्फ 80 प्रतिशत ही खर्च कर सकी, जिसके चलते करीब 29 हजार करोड़ रुपये सरेंडर करने पड़े. हालांकि खर्च और राजस्व संग्रह का विभागवार आकलन किया जा रहा है, जो जल्द ही वित्त विभाग द्वारा जारी किया जाएगा.

मंत्री राधाकृष्ण किशोर और बीजेपी प्रवक्ता का बयान 
योजना मद की करीब 80 प्रतिशत राशि खर्च

इन सबके बीच वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने उम्मीद जताते हुए कहा है कि योजना मद की करीब 80 प्रतिशत राशि खर्च हुई है और यदि केंद्र सरकार सहयोग करती तो हम बजट के अनुरूप खर्च कर लेते. उन्होंने कहा कि बजट में राजस्व संग्रह अनुमान आधारित होते हैं, जिसमें केंद्रांश और राज्य मद शामिल है. हमें करीब 13,000 करोड़ अनुदान और टैक्स में राज्य का हिस्सा मद में नहीं प्राप्त हुआ है.

बीजेपी ने उठाए सवाल

इधर, बजट के अनुरूप राशि खर्च नहीं होने पर प्रमुख विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी ने सवाल खड़ा करते हुए कहा है कि भारी-भरकम बजट बनाकर जनता को भ्रमित करने का काम यह सरकार करती रही है. पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रदीप सिन्हा ने कहा कि बजट बनाने से पहले सरकार को सोचना चाहिए कि राजस्व कहां से आएगा और कितना हम खर्च कर पाएंगे. केंद्र से मिली राशि को भी राज्य सरकार खर्च नहीं कर पा रही है, इस वजह से राज्य में विकास का काम ठप पड़ा हुआ है, जिसका सीधा असर जनता पर पड़ रहा है.

सेस की वजह से खान विभाग में रिकॉर्ड राजस्व प्राप्ति

वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान राजस्व वसूली में राज्य सरकार के कुछ विभागों ने बेहतरीन काम किया है. माइंस एरिया में सेस और कोयले की कमर्शियल दर पर रॉयल्टी से खान विभाग ने 2025-26 में रिकॉर्ड 18,508 करोड़ रुपये की वसूली की है, जो संयुक्त बिहार और झारखंड गठन से लेकर अब तक का सर्वाधिक राजस्व है. अकेले राज्य सरकार को सेस से 7,454.30 करोड़ रुपये मिले हैं, वहीं खनिजों पर रॉयल्टी से 11,054.27 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं.

शराब से भी भरपूर कमाई

खान विभाग के बाद राज्य सरकार को शराब से भी भरपूर कमाई हुई है. जानकारी के मुताबिक उत्पाद विभाग ने पिछले वर्ष की तुलना में राजस्व में 1,310 करोड़ से अधिक की बढ़ोतरी की है. इसके तहत विभाग को 30 मार्च तक 4,020 करोड़ रुपये राजस्व मिला है, जो लक्ष्य से 135 करोड़ अधिक है.

बात यदि परिवहन विभाग की करें तो इस विभाग ने 2,196.66 करोड़ रुपये राजस्व वसूली की है, जो पिछले वित्तीय वर्ष 2024-25 से 282 करोड़ अधिक है.

वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए एक लाख 45 हजार 400 करोड़ रुपये का बजट पेश किया गया था, जिसमें महिला एवं बाल विकास पर सबसे अधिक 22 हजार 23 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे. राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई मैया सम्मान योजना के लिए 13 हजार 363 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे.


April 1, 2026 | 260 Views
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