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79 मामलों की समीक्षा, 26 कैदियों की रिहाई को मंजूरी; झारखंड के सभी प्रमंडलों में खुलेगी ओपन जेल
July 30, 2026 | 151 Views
79 मामलों की समीक्षा, 26 कैदियों की रिहाई को मंजूरी; झारखंड के सभी प्रमंडलों में खुलेगी ओपन जेल

रांची : मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन की अध्यक्षता में गुरुवार को मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में झारखंड राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद की बैठक संपन्न हुई। बैठक में आजीवन कारावास की सजा काट रहे 79 कैदियों की रिहाई से जुड़े मामलों पर विस्तार से चर्चा की गई। गहन समीक्षा के बाद 26 कैदियों की रिहाई पर सहमति बनी।

बैठक में राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद द्वारा अनुशंसित 37 नए मामलों के साथ-साथ पिछली बैठकों में अस्वीकृत 42 मामलों पर भी विचार किया गया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ पात्रता, जेल में आचरण, सजा की अवधि, कानूनी प्रावधान, न्यायालय की टिप्पणियां, संबंधित जिलों के पुलिस अधीक्षक, जेल अधीक्षक एवं प्रोबेशन पदाधिकारियों की रिपोर्ट सहित सभी पहलुओं की समीक्षा की।

मुख्यमंत्री ने राज्य के सभी प्रमंडलों में ओपन जेल स्थापित करने के लिए भूमि चिन्हित कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जेल से रिहा होने वाले व्यक्तियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है और उनके पुनर्वास तथा सम्मानजनक जीवन-यापन के लिए हरसंभव सहयोग सुनिश्चित किया जाए।

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि राज्य सरकार न्याय व्यवस्था के साथ-साथ मानवीय संवेदनाओं और सुधारात्मक दृष्टिकोण को भी समान महत्व दे रही है। उन्होंने मानसिक रूप से बीमार बंदियों का डाटाबेस तैयार कर उन्हें सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिलाने का भी निर्देश दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कानून और नियमों के अनुरूप रिहा हुए व्यक्तियों को समाज में नई शुरुआत का अवसर मिलना चाहिए, जिससे उनके पुनर्वास के साथ-साथ सामाजिक समरसता भी मजबूत होगी।

बैठक में मुख्य सचिव अविनाश कुमार, डीजीपी तदाशा मिश्रा, प्रधान सचिव-सह-विधि परामर्शी नीरज कुमार श्रीवास्तव, महानिरीक्षक कारा एवं सुधारात्मक सेवाएं सुदर्शन प्रसाद मंडल, न्यायिक आयुक्त अनिल कुमार मिश्रा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


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