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रांची वन विभाग पर पेसा कानून उल्लंघन का आरोप, नीमडीह के ग्रामीणों ने राज्यपाल को सौंपा मांग-पत्र*
August 19, 2026 | 375 Views
रांची वन विभाग पर पेसा कानून उल्लंघन का आरोप, नीमडीह के ग्रामीणों ने राज्यपाल को सौंपा मांग-पत्र*

रांची।  जिले के  सोनाहातु प्रखंड के ग्राम नीमडीह के ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ग्रामीणों ने महामहिम राज्यपाल, झारखंड सरकार को एक 5 सूत्री मांग-पत्र सौंपा है। यह मांग-पत्र 19 अगस्त 2026 को राज्यपाल सचिवालय, लोकभवन रांची में प्राप्त किया गया।

ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग, बुण्डू रेंज के अधिकारियों द्वारा पेसा (PESA) अधिनियम का खुला उल्लंघन किया जा रहा है।

मांग-पत्र के अनुसार ग्रामीण दिनांक 19 अगस्त 2026 को रांची के नागा बाबा खटाल के समक्ष एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन करेंगे और उसी मंच से राज्यपाल को अपनी मांगों से अवगत कराएंगे।

क्या है ग्रामीणों की मांगें ?

ग्रामीणों ने अपने पत्र में 5 मुख्य मांगें रखी हैं -

1. जांच हो:* बुण्डू वन रेंज के अधिकारियों द्वारा पेसा अधिनियम के उल्लंघन की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए।

2. कानून का पालन:* गांव में पेसा अधिनियम को पूरी तरह लागू कराया जाए।

3. रास्ता खोला जाए:* ग्रामीण किसानों को अपने खेतों तक जाने और पशुओं को चारागाह तक ले जाने वाला पारंपरिक रास्ता बंद कर दिया गया है, उसे तुरंत खुलवाया जाए।

4. पौधा घोटाले की जांच:* आरोप है कि नर्सरी से बाहर दूसरे गांव से चुनकर लाए गए पौधों को गांव में लगाया गया है, इसकी जांच हो।

5. वनाधिकार कानून लागू हो:* वन अधिकार अधिनियम जैसे केंद्रीय कानूनों का कड़ाई से अनुपालन कराया जाए।

ग्रामीणों ने कहा है कि जल, जंगल और जमीन हमारा अधिकार है और वन विभाग मनमानी कर रहा है। महामहिम से निवेदन है कि हमारी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर न्याय दिलाया जाए।


August 19, 2026 | 376 Views
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