रांची। कांस्टेबल (जीडी) राकेश कुमार (बल संख्याः 135370141) बाबुडेरा, थाना जरायकेला, जिला पश्चिम सिंहभूम क्षेत्र में संचालित अभियान में तैनात थे। इसी दौरान आकस्मिक रूप से एक पेड़ गिरने की घटना में वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें तत्काल प्राथमिक उपचार प्रदान कर बेहतर चिकित्सा सुविधा हेतु रांची के राज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
दिवंगत कर्मी का गृह पता ग्राम धमनी, थाना हसपुरा, जिला औरंगाबाद है। उनका जन्म दिनांक 06 अगस्त 1993 था तथा उनकी आयु लगभग 33 वर्ष थी। वे दिनांक 08 मार्च 2013 को केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल में भर्ती हुए थे।
महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड, केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल के महानिदेशक एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है तथा दिवंगत कर्मी के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की है।
वरीय पदाधिकारी/बल के द्वारा दिवंगत कर्मी के पार्थिव शरीर को उनके गृह स्थान औरंगाबाद भेजने की आवश्यक कार्यवाही की जा रही है, जहां शहीद जवान को अंतिम सलामी दी जायेगी।
साहेबगंज (राजमहल): जिले के राजमहल थाना क्षेत्र अंतर्गत खुट हरी पंचायत से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां अबुआ आवास योजना के नाम पर एक 70 वर्षीय बुजुर्ग से ठगी किए जाने का आरोप लगा है।
पीड़ित बुजुर्ग ने पंचायत के एक वार्ड सदस्य पर 5000 रुपये लेने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पैसे लेने के बावजूद न तो उन्हें आवास योजना का लाभ मिला और न ही अब तक उनकी रकम लौटाई गई।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, करीब एक वर्ष पूर्व बुजुर्ग ने वार्ड सदस्य से घर दिलाने की गुहार लगाई थी। इस दौरान कथित रूप से उनसे 5000 रुपये की मांग की गई, यह कहकर कि इससे योजना की स्वीकृति में मदद मिलेगी।
भरोसा कर बुजुर्ग ने अपनी जमा-पूंजी से राशि दे दी, लेकिन समय बीतने के बाद भी उन्हें कोई लाभ नहीं मिला।
लगातार टालमटोल से परेशान
पीड़ित का आरोप है कि:
- कई बार संपर्क करने के बावजूद
- वार्ड सदस्य केवल टालमटोल करते रहे
- न आवास मिला, न पैसे वापस हुए
इससे बुजुर्ग मानसिक और आर्थिक रूप से काफी परेशान हैं।
प्रशासन से लगाई गुहार
बुजुर्ग ने इस मामले की शिकायत जिला उपायुक्त हेमंत सती से की है और सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि उनके साथ धोखाधड़ी की गई और उनकी मजबूरी का फायदा उठाया गया।
जांच की संभावना
प्रशासनिक स्तर पर इस मामले की जांच शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि:
- जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी
- दोषी पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी
ग्रामीणों में आक्रोश
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो यह:
- एक व्यक्ति के साथ अन्याय ही नहीं
- बल्कि सरकारी योजनाओं की पारदर्शिता पर भी सवाल है
ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की है।अब सबकी नजर प्रशासनिक जांच पर टिकी है—देखना होगा कि बुजुर्ग को न्याय कब तक मिल पाता है।
रांची। झारखंड राज्य कुश्ती संघ एवं धनबाद जिला कुश्ती संघ के संयुक्त तत्वावधान मे धनबाद के महुदा में 05 से 06 अप्रैल तक संपन्न अंडर 17 राज्य स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता में खेल विभाग एवं जिला प्रशासन द्वारा चांद भैरव इनडोर स्टेडियम साहेबगंज में संचालित खेलो इंडिया कुश्ती सेंटर के खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के दम पर जिले की टीम राज्य स्तरीय अंडर 17 कुश्ती प्रतियोगिता में ओवर आल चैंपियन बना। टीम को धनबाद से साहेबगंज लौटने पर जिला खेल कार्यालय में जिला खेल पदाधिकारी कुमार हर्ष ने विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया एवं भविष्य में बेहतर प्रदर्शन हेतु शुभकामना दी।
इस अवसर पर खेलो इंडिया कुश्ती सेंटर के कोच प्रकाश सिंह बादल, खेल समन्वयक कौशल किशोर मरांडी, कोच योगेश यादव कार्यालय कर्मी गौरव प्रियदर्शी, सुरेंद्र कुमार, समा प्रवीण समेत अन्य मौजूद थे।
वहीं जिला कुश्ती संघ की सचिव नमिता कुमारी समेत जिले के खेल प्रेमियों ने बधाई दी।
पदक विजेता खिलाड़ी
ग्रीको रोमन कुश्ती
51 कि.ग्रा. - करण कुमार - स्वर्ण पदक
45 कि.ग्रा. - राहुल कुमार गोंड - रजत पदक
60 कि.ग्रा. - राजू यादव - रजत पदक
71 कि.ग्रा. - सत्यम कुमार - रजत पदक
80 कि.ग्रा. - मोनू कुमार चौधरी - रजत पदक
55 कि.ग्रा. - आदित्य कुमार यादव - कांस्य पदक
55 कि.ग्रा. - समीर कुमार यादव - कांस्य पदक
फ्रीस्टाइल कुश्ती
48 कि.ग्रा. - ऋषि कुमार चौधरी - स्वर्ण पदक
51 कि.ग्रा. - अंकुश कुमार यादव - स्वर्ण पदक
60 कि.ग्रा. - बल्लव कुमार चौधरी - रजत पदक
65 कि.ग्रा. - सोनू कुमार - स्वर्ण पदक
महिला कुश्ती
57 कि.ग्रा. - श्रुति कुमारी - स्वर्ण पदक
43 कि.ग्रा. - मुस्कान कुमारी - कांस्य पदक
53 कि.ग्रा. - निशा कुमारी - कांस्य पदक
रांची।।सेंट्रल कोलफील्डस लिमिटेड ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में व्यापक, समावेशी एवं जनोन्मुखी पहल करते हुए कर्मचारियों, उनके आश्रितों तथा आसपास के ग्रामीण एवं शहरी समुदायों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है।
कंपनी के केंद्रीय अस्पतालों गांधीनगर, रामगढ़ एवं ढोरी सहित स्वास्थ्य विभाग द्वारा किए गए प्रयास इस बात को रेखांकित करते हैं कि सीसीएल केवल औद्योगिक उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक उत्तरदायित्व के निर्वहन में भी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। कोयलांचल क्षेत्र में सीसीएल के अस्पताल आज केवल उपचार के केंद्र नहीं रह गए हैं, बल्कि वे आसपास के समुदायों के लिए भरोसे, राहत और आशा के सशक्त प्रतीक बनकर उभरे हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान सीसीएल की स्वास्थ्य सेवाओं ने जिस व्यापकता, संवेदनशीलता और आधुनिकता के साथ कार्य किया है, वह इसे एक जनोन्मुखी स्वास्थ्य मॉडल के रूप में स्थापित करता है।
हर दिन हजारों लोग जब सीसीएल के अस्पतालों की ओर रुख करते हैं, तो उनके साथ केवल बीमारी ही नहीं, बल्कि उम्मीदें भी होती हैं और इन उम्मीदों को संजीवनी देने का कार्य सीसीएल के चिकित्सक, स्वास्थ्यकर्मी और व्यवस्थाएँ निरंतर कर रही हैं।
केंद्रीय अस्पताल, गांधीनगर इस दिशा में एक प्रमुख स्तंभ के रूप में उभरा है, जहां इस अवधि के दौरान 1,01,955 OPD एवं 3,435 IPD मरीजों का उपचार किया गया तथा 1,879 सर्जरी सफलतापूर्वक संपन्न की गईं। PME (5,931/5,960) एवं IME (780 नियमित, 1,724 संविदा कर्मी) के तहत व्यापक स्वास्थ्य जांच की गई। सीएसआर के अंतर्गत 890 शिविरों के माध्यम से 1,50,979 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया तथा 28 रक्तदान शिविरों से 660 यूनिट रक्त संग्रहित किया गया।
अस्पताल में BA-21 Semi Auto Analyser, Autoclave, OT Scrub Stations, DG Set 750 KVA, RO Water Plant, Digital Slit Lamp सहित कई आधुनिक उपकरण जोड़े गए हैं। डायलिसिस हेतु RO सिस्टम, योग कक्ष, डिजिटल डिस्प्ले, OPD क्यू सिस्टम जैसी सुविधाएं विकसित की गईं।AB-PMJAY के तहत 177 लाभार्थियों को सेवा दी गई। DNB कोर्स, सुपरस्पेशियलिटी क्लीनिक, डिजिटल पेमेंट, फायर सेफ्टी एवं अन्य व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित हैं।
रक्तदान जैसे मानवीय कार्यों में भी सीसीएल की भूमिका प्रेरणादायक रही है। वर्ष भर में विभिन्न शिविरों के माध्यम से सैकड़ों यूनिट रक्त एकत्रित किया गया, जो जरूरतमन्द मरीजों के लिए जीवनदायी साबित हुआ।
ग्रामीण क्षेत्रों, स्कूलों एवं समुदायों में आयोजित स्वास्थ्य एवं एनीमिया जागरूकता कार्यक्रमों ने लोगों को न केवल उपचार, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करने का कार्य किया है। सीसीएल की स्वास्थ्य सेवाएँ केवल रोगों के उपचार तक सीमित नहीं हैं, बल्कि एक स्वस्थ समाज के निर्माण की दिशा में समर्पित हैं।
रामगढ़ अस्पताल ने क्षेत्रीय स्तर पर उन्नत चिकित्सा सेवाओं का एक सशक्त केंद्र विकसित किया है। अमृत फार्मेसी का सफल संचालन करते हुए आसपास के छह क्षेत्रों को दवाओं की आपूर्ति की जा रही है तथा 13,000 से अधिक HIMS हेल्थ कार्ड जारी किए गए हैं। अस्पताल में लैप्रोस्कोपी मशीन, कॉटरी मशीन, स्ट्रेचर, व्हीलचेयर, सेंट्रीफ्यूज आदि उपकरण स्थापित किए गए हैं।
यहां लेजर सर्जरी, लैप्रोस्कोपिक सर्जरी, हिप एवं नी रिप्लेसमेंट जैसी जटिल सर्जरी सफलतापूर्वक की गईं। साथ ही अस्पताल परिसर में फेसलिफ्ट, सोलर प्लांट, सड़क निर्माण एवं अन्य बुनियादी सुधार कार्य किए गए। भविष्य में लिफ्ट, STP, CCTV एवं अन्य सुविधाओं के विकास की योजना है।
केंद्रीय अस्पताल, ढोरी (CHD) ने भी उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए 64,217 OPD, 5,188 आपातकालीन मामले एवं 4,831 भर्ती उपचार दर्ज किए। 16,367 लाभार्थियों को CSR के तहत लाभ मिला तथा ऑपरेशन ज्योति के अंतर्गत 37 सर्जरी की गईं।
ऑक्यूपेशनल हेल्थ सेंटर के माध्यम से 1,785 PME, 163 IME एवं 307 संविदा जांच तथा 227 आई टेस्ट किए गए। अस्पताल में OT एवं अन्य चिकित्सा उपकरणों की खरीद की गई है तथा परिसर के नवीनीकरण का कार्य प्रगति पर है। हालांकि कुछ उपकरणों की खरीद एवं भवन निर्माण कार्य लंबित हैं।
इसके अतिरिक्त, स्वास्थ्य विभाग द्वारा सक्शन मशीन एवं एक्स-रे इल्यूमिनेटर्स की खरीद की गई है तथा अन्य उपकरणों की खरीद प्रक्रिया जारी है। 100 टीबी मरीजों की स्क्रीनिंग की गई, जिनमें उपचार, रिकवरी एवं अन्य स्थितियों का समुचित प्रबंधन किया गया।
सीएसआर के तहत ग्रामीण, स्कूल एवं एनीमिया जागरूकता शिविरों का आयोजन कर सैकड़ों लाभार्थियों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं। साथ ही 02 रक्तदान शिविरों के माध्यम से 99 यूनिट रक्त संग्रहित कर गांधीनगर अस्पताल भेजा गया।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में सीसीएल द्वारा स्वास्थ्य क्षेत्र में किए गए ये प्रयास इस बात का प्रमाण हैं कि कंपनी अपने औद्योगिक दायित्वों के साथ-साथ सामाजिक उत्तरदायित्व को भी उतनी ही गंभीरता से निभा रही है। कोयलांचल के इन अस्पतालों ने सचमुच ‘आशा के केंद्र’ के रूप में अपनी पहचान बनाई है, जहाँ हर मरीज के साथ एक नई उम्मीद जन्म लेती है।सीसीएल का यह निरंतर प्रयास आने वाले समय में भी समुदाय के स्वास्थ्य, सुरक्षा और समग्र कल्याण की दिशा में एक मजबूत आधारशिला सिद्ध होगा।
रांची: मारवाड़ी युवा मंच रांची समर्पण शाखा द्वारा महातुलादान महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम 19 अप्रैल (रविवार) अक्षय तृतीया के अवसर पर रांची हरमू गौशाला में आयोजित होगा।
शाखा अध्यक्ष शुभम अग्रवाल के नेतृत्व में सत्र 2026-27 के लिए नई कमिटी का गठन किया गया है, जिसके तहत इस भव्य कार्यक्रम की तैयारी की जा रही है। जानकारी के अनुसार, इस महोत्सव में 11 जोड़े अपने-अपने वजन के अनुसार तौलकर अनाज, घी, गुड़ सहित अन्य सामग्री का दान करेंगे।
शाखा सचिव रेखा राजगढ़िया ने बताया कि हिंदू धर्म, विशेषकर मारवाड़ी समाज में तुलादान का विशेष महत्व है। यह परंपरा न केवल धार्मिक आस्था से जुड़ी है, बल्कि इसे शारीरिक स्वास्थ्य, मानसिक शांति, पापों से मुक्ति और आध्यात्मिक उन्नति के लिए भी महत्वपूर्ण माना जाता है।
कार्यक्रम सुबह 8 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेगा, जिसमें पूजा-अर्चना, गौ माता की सेवा और दान-पुण्य के विविध आयोजन होंगे। इस दौरान भाग लेने वाले 11 जोड़े धार्मिक अनुष्ठानों में हिस्सा लेकर अपने वजन के अनुसार दान कर पुण्य अर्जित करेंगे।
यह एक दिवसीय कार्यक्रम शाखा की संयोजिका निकिता जालान, गौ सेवा प्रभारी सौम्या सामोटा और गौ सेवा संयोजिका कविता सोमानी के नेतृत्व में आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम को सफल बनाने में गौशाला समिति, समाज के सदस्य, प्रेस मीडिया और शाखा के सदस्यों का सहयोग मिल रहा है।
शाखा मीडिया प्रभारी वेदिका सिंधानिया ने विश्वास जताया है कि यह आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न होगा।
रांची : स्थानीय होटल में सीड के द्वारा सोमवार को एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया । कार्यक्रम की जानकारी देते हुए आयोजक ने बताया कि , पूर्वी और मध्य भारत के क्षेत्रीय विकास को गति देने के उद्देश्य से सेंटर फॉर एनवायरनमेंट एंड एनर्जी डेवलपमेंट (सीड) द्वारा ‘एकम डायलॉग्स – संवाद से निर्माण’ पहल की शुरुआत की जा रही है। यह कार्यक्रम 8 और 9 अप्रैल को रांची में आयोजित होगा।
यह पहल झारखंड, बिहार, छत्तीसगढ़ और ओडिशा जैसे राज्यों के सामाजिक-आर्थिक विकास को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई है। इसका उद्देश्य स्थानीय समुदायों, नीति-निर्माताओं, उद्योग प्रतिनिधियों, शोधकर्ताओं, महिलाओं और युवाओं को एक साझा मंच पर लाकर संवाद और सह-निर्माण को बढ़ावा देना है।
सीड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रमापति कुमार ने बताया कि यह क्षेत्र प्राकृतिक संसाधनों, सांस्कृतिक विरासत और सामुदायिक ज्ञान से समृद्ध है, जो देश के औद्योगिक विकास और ऊर्जा सुरक्षा में अहम भूमिका निभाता रहा है। अब जरूरत है कि इस क्षेत्र को सतत विकास और जलवायु अनुकूलन के साथ आगे बढ़ाया जाए, ताकि ‘विकसित भारत-2047’ के लक्ष्य को साकार किया जा सके।
‘एकम डायलॉग्स’ का फोकस संवाद और निर्माण—इन दो प्रमुख स्तंभों पर आधारित है। संवाद के जरिए साझा दृष्टिकोण तैयार किया जाएगा, वहीं निर्माण के माध्यम से स्थानीय जरूरतों के अनुरूप समाधान विकसित किए जाएंगे। इस पहल के तहत कला, शिल्प, जमीनी समाधान और इनोवेशन को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
कार्यक्रम में देशभर से 70 से अधिक विशेषज्ञ और वक्ता शामिल होंगे, जो 11 सत्रों में अपने विचार साझा करेंगे। साथ ही, विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 11 पद्मश्री सम्मानित व्यक्तियों की उपस्थिति भी कार्यक्रम की खासियत होगी।
इस दौरान 27 ‘चेंजमेकर’ को ‘एकम सम्मान’ से सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने अपने कार्यों से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का उदाहरण पेश किया है।
‘एकम डायलॉग्स’ का उद्देश्य लोक-केंद्रित जलवायु अनुकूलन, आजीविका सुदृढ़ीकरण, पारंपरिक ज्ञान का संरक्षण और तकनीकी नवाचार के माध्यम से एक समावेशी और सतत भविष्य का निर्माण करना है।
इस अवसर पर अरविंद कुमार ठाकुर, लक्ष्मी पूर्ति सहित अन्य उपस्थित थे।
साहेबगंज (झारखंड): बरहरवा-साहेबगंज रेलखंड के महाराजपुर क्षेत्र में गुरुवार की रात एक भीषण रेल हादसे ने सबको झकझोर कर रख दिया। यहाँ हावड़ा-जमालपुर एक्सप्रेस की चपेट में आने से एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
सुबह ट्रैक पर मिला क्षत-विक्षत शव
मृतक की पहचान महाराजपुर निवासी अनिल नोनिया के पुत्र विष्णु नोनिया के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, विष्णु गुरुवार की रात किसी काम से घर से निकला था और रेलवे ट्रैक के समीप मौजूद था। इसी दौरान वह तेज रफ्तार हावड़ा-जमालपुर एक्सप्रेस की चपेट में आ गया। रात के अंधेरे और सूनसान इलाका होने के कारण हादसे का तुरंत पता नहीं चल सका। शुक्रवार की सुबह जब ग्रामीणों ने पटरी पर युवक का शव देखा, तब जाकर पुलिस को सूचना दी गई।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
विष्णु की मौत की खबर जैसे ही उसके घर पहुँची, परिजनों में चीख-पुकार मच गई। मृतक की पत्नी और माता-पिता सदमे में हैं। गांव वालों ने बताया कि विष्णु एक मिलनसार युवक था। अचानक हुई इस अनहोनी से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना की सूचना मिलते ही रेल पुलिस (GRP) मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए साहेबगंज सदर अस्पताल भेज दिया। पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच में जुट गई है।
रेल पुलिस के अनुसार: "शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। शुरुआती जांच में यह मामला दुर्घटना प्रतीत हो रहा है, लेकिन युवक देर रात ट्रैक पर क्यों गया था, इसकी बारीकी से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सटीक कारणों का पता चल सकेगा।
साहिबगंज । जिला जनसंपर्क कार्यालय, साहिबगंज द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार LPG गैस उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए हैं।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अब सड़क पर गैस वितरण नहीं किया जाएगा और किसी भी प्रकार की लाइन लगाने पर रोक लगाई गई है। गैस की आपूर्ति पूरी तरह डोर-टू-डोर (घर-घर) की जाएगी।जारी सूचना में बताया गया है कि गैस वितरण प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। यानी जिन उपभोक्ताओं ने पहले गैस का नंबर दर्ज कराया है, उन्हें पहले गैस मिलेगी।प्रशासन ने यह भी आश्वासन दिया है कि अगले 4 दिनों के भीतर बैकलॉग की समस्या पूरी तरह खत्म कर दी जाएगी। इसके साथ ही लोगों से अपील की गई है कि किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और न ही उसे फैलाएं, ताकि व्यवस्था सुचारु रूप से चल सके।
रांची। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड में आज एडवेंचर साइक्लिस्ट, एथलीट एवं पर्वतारोही सुश्री आशा मालवीय का स्वागत किया गया। वह “नारी शक्ति–देश भक्ति” का संदेश लेकर 11 जनवरी 2026 को जयपुर से प्रारंभ हुई अपनी 7800 किलोमीटर लंबी एकल साइकिल यात्रा पर हैं, जिसका समापन अरुणाचल प्रदेश के किबिथू में प्रस्तावित है।
सीसीएल प्रबंधन की ओर से निदेशक (वित्त) श्री पवन कुमार मिश्रा, निदेशक (मानव संसाधन) श्री हर्ष नाथ मिश्र एवं मुख्य सतर्कता अधिकारी श्री पंकज कुमार ने उनका स्वागत किया।
मध्यप्रदेश के रायगढ़ जिले की निवासी सुश्री आशा मालवीय का जीवन संघर्ष और प्रेरणा का अद्वितीय उदाहरण है। उनकी माता का नाम श्रीमती राजू बाई है तथा उनके पिता का देहांत तब हो गया था जब वह मात्र 2 वर्ष की थीं। विषम परिस्थितियों और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और अपने दृढ़ संकल्प एवं मेहनत के बल पर एक अग्रणी एथलीट के रूप में पहचान बनाई।
इस अवसर पर सुश्री आशा मालवीय ने वर्ष 2023 में अपने पूर्व अभियान के दौरान सीसीएल द्वारा प्रदान किए गए सहयोग, विशेषकर साइकिल उपलब्ध कराने के लिए आभार व्यक्त किया।
सीसीएल सदैव समाज में सकारात्मक संदेशों के प्रसार एवं युवाओं को प्रेरित करने वाली पहलों को प्रोत्साहित करता रहा है। इसी क्रम में, सुश्री आशा मालवीय के सम्मान में जेएसएसपीएस, खेलगांव (होटवार) परिसर में एक प्रेरणात्मक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें कैडेट्स तथा “सीसीएल के लाल एवं सीसीएल की लाड़ली” के विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए युवाओं को दृढ़ संकल्प, अनुशासन एवं फिटनेस के महत्व के बारे में बताया।
उल्लेखनीय है कि सुश्री आशा मालवीय अब तक विभिन्न अभियानों के माध्यम से 64,000 किलोमीटर से अधिक की साइकिल यात्रा पूरी कर चुकी हैं। वह एक प्रख्यात पर्वतारोही होने के साथ-साथ 100 मीटर एवं 200 मीटर स्प्रिंट में राष्ट्रीय स्तर की एथलीट भी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उनकी उपलब्धियां आज के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
सीसीएल भविष्य में भी इस प्रकार की प्रेरणादायक पहलों के प्रोत्साहन के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे समाज में सकारात्मक ऊर्जा एवं राष्ट्रभक्ति की भावना को बढ़ावा मिले।
खूंटी/ गत दिनों खूंटी के मुरहू में रामनवमी शोभायात्रा के दौरान लगातार तीन दिनों तक मुस्लिम समाज के लोगों द्वारा उपद्रव मचाते हुए शोभायात्रा में सैंकड़ो लोगों ने पूर्वग्रह से ग्रसित होकर सुनियोजित तरीके से वर्षों से निकलने वाले शांतिपूर्ण शोभायात्रा पर व्यवधान डालते हुए पथराव किया। आक्रोश में घटना के विरोध में आस-पास के हिन्दुओं ने लगातार दो दिनों तक अपने सभी प्रतिष्ठान मुरहू से लेकर खूंटी तक बन्द रखा। इस घटना से हिन्दुओं में गहरा आक्रोश व्याप्त आज भी है। इस संवेदनशील घटना को देखते हुए आज बजरंग दल प्रान्त संयोजक रंगनाथ महतो ने खूंटी एवं मुरहू क्षेत्र का दौरा किया, और घटना के सन्दर्भ में पुरी जानकारी एकत्र की। तथा इस सन्दर्भ में एक बैठक भी खूंटी में आहूत हुई। बैठक में बजरंग दल प्रान्त संयोजक रंगनाथ महतो ने कहा कि बहुत दुःखद एवं दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है कि राम, कृष्ण की धरती में ही उनके पर्व त्यौहार हम अपने परिवार के साथ शांति से नहीं मना सकते। उन्होंने बतलाया कि प्रदेश में राँची के मांडर थाना क्षेत्र, गढ़वा के रमकंडा, धनबाद, बोकारो एवं हजारीबाग में भी घटनाएं घटी है। इस सम्बन्ध में विहिप झारखण्ड प्रान्त का एक प्रतिनिधिमण्डल शीघ्र प्रशासन के आलाधिकारीयों से मिलकर स्थिति से अवगत कराएगी एवं महामहिम राज्यपाल महोदय से मिलकर अपनी बातें रखेंगे। आगे सख्त लहजे में कहा कि यदि प्रशासन कहीं भी मूल दोषी को छोड़कर पीड़ित या निर्दोषों पर एक तरफ़ा कार्रवाई करती है तो हम पूरे प्रदेश में आंदोलन करने को बाध्य होंगे। बैठक में रांची विभाग संयोजक अंकित सिंह, विभाग सह संयोजक, विशाल कुमार साहू, विहिप जिला अध्यक्ष श्री विनोद जायसवाल विहिप उपाध्यक्ष विकास मिश्रा, केंद्रीय रामनवमी महासमिति के अध्यक्ष श्री अनूप साहू, महामंत्री श्री जितेंद्र कश्यप, कोषाध्यक्ष श्री सुभाष मिश्रा, श्री जय प्रकाश भाला, श्री संजीव चौरसिया, बजरंग दल जिला संयोजक श्री मुकेश जायसवाल, सह संयोजक प्रकाश अधिकारी, गौरक्षा प्रमुख अभिषेक कुमार उपस्थित थे।