ब्यूरो। देश भर में हो रहे नीट पेपर लीक को लेकर प्रदर्शन के बीच आखिरकार देश के शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया । उन्होंने अपना इस्तीफा लेटर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है। मिली जानकारी के अनुसार केंद्र सरकार पर बढ़ते दबाव और लगातार दिल्ली सहित अन्य राज्यों में हो रहे प्रदर्शन के बाद उन्होंने अपना पद से इस्तीफा दिया।
कॉकरोच पार्टी में खुशी की लहर
जैसे ही शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की इस्तीफा की खबर आई कॉकरोच पार्टी में खुशी की लहर दौड़ पड़ी कॉकरोज पार्टी के संयोजक अभिजीत दीपिके ने एक बड़ी जीत करार दिया और कहा कि यह हमारी लड़ाई का फल मिल गया है आगे छात्र अपने मुद्दे को लेकर लड़ते रहेंगे।
क्या है पूरा मामला
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के द्वारा आयोजित 3 मई 2026 को नीट पेपर लीक हो गई थी जिसके बाद कई छात्रों ने आत्महत्या कर ली वहीं सरकार के द्वारा इस मामले में जांच कमेटी का गठन किया गया था और परीक्षा को रद्द करते हुए दूसरी बार परीक्षा आयोजित की गई और उसके बाद वर्तमान में रिजल्ट भी निकाला जा चुका है लेकिन नीट पेपर लीक को लेकर कॉकरोच पार्टी का दिल्ली के जंतर मंतर पर विशाल प्रदर्शन हुआ था सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुंग ने प्रदर्शन किया और 24 दिनों तक भूख हड़ताल पर रहे। वहीं संसद घेराव के दौरान दिल्ली पुलिस एवं प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक झड़प हुई दिल्ली पुलिस को लाठी चार्ज करना पड़ा जिसमें कई प्रदर्शनकारी घायल भी हुए थे जिससे माहौल और बिगड़ गया और प्रदर्शनकारियों ने साफ तौर पर कहा कि जब तक शिक्षा मंत्री इस्तीफा नहीं देंगे तब तक किसी भी प्रकार का कोई प्रदर्शन नहीं रोका जाएगा।
केंद्र सरकार पर बढ़ते दबाव के कारण हुआ इस्तीफा
प्रदर्शनकरियो के प्रदर्शन को देखते हुए केंद्र सरकार पर दबाव बढ़ता गया कई दौर की बातचीत कॉकरोच पार्टी के साथ हुई जिसमें शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने एवं एनटीए को मजबूत करने और धर्मेंद्र प्रधान की इस्तीफा की मांग रखी गई जिसके बाद आखिरकार धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना पड़ा।